निम्नलिखित युग्मों में से कौन-सा सही सुमेलित नहीं है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (वायरमैन) 24.12.2019]
नदी उद्गम स्थल
👉 काकनी नदी का उद्गम तारागढ़ पहाड़ियों से नहीं, बल्कि जैसलमेर के पास कोटड़ी गाँव के समीप होता है।
👉 बनास – खमनोर, बाणगंगा – बैराठ, और कांतली – खंडेला युग्म सही सुमेलित हैं।
👉 अतः काकनी – तारागढ़ पहाड़ियाँ युग्म गलत सुमेलित है।
राजस्थान को नर्मदा नदी का कितना हिस्सा प्राप्त होता है ?
JEN (विद्युत डिग्रीधारक) 19.05.2022
👉 नर्मदा नदी से राजस्थान को 0.50 MAF जल प्राप्त होता है।
👉 यह आवंटन पार-राज्यीय जल समझौते के अंतर्गत निर्धारित किया गया है।
निम्नलिखित में से कौनसी नदी तोरावाटी बेसिन में प्रवाहित होती हैं?
[वनरक्षक (चतुर्थ चरण) 13.11.2022]
👉 कान्तली नदी का प्रवाह तोरावाटी बेसिन में होता है, जो सीकर, झुन्झुनूं और चूरू जिलों से होकर गुजरती है।
👉 यह नदी खण्डेला की पहाड़ियों से निकलती है और लगभग 100 कि.मी. बहने के बाद रेतीली भूमि में विलुप्त हो जाती है।
👉 यह एक अंतः प्रवाहित नदी है और केवल वर्षा काल में प्रवाहित होती है।
👉 यह बेसिन राजस्थान के पश्चिमोत्तर अंतः प्रवाही क्षेत्र में स्थित है।
निम्नलिखित में से कौन सी नदी राजस्थान से होकर नहीं बहती है ?
पशुधन सहायक (LSA) 04.06.2022
👉 इसके विपरीत, चम्बल, माही, लूनी, बनास जैसी नदियाँ राजस्थान से होकर बहती हैं।
👉 अतः स्पष्ट है कि ताप्ती नदी, राजस्थान से होकर नहीं बहती है।
निम्नलिखित युग्मों में से कौनसा सही सुमेलित नहीं है ?
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड - III 19.09.2019]
नदी सहायक नदी
👉 माही – साबरमती युग्म गलत सुमेलित है क्योंकि दोनों अलग-अलग नदियाँ हैं और एक-दूसरे की सहायक नहीं हैं।
👉 चम्बल – बनास, बनास – बेड़च, और लूनी – सूकड़ी — ये सभी सही सुमेलित हैं।
👉 माही की सहायक नदियाँ हैं – सोम, जाखम, अनास आदि।
निम्नलिखित शहरों में से कौन सा जवाई नदी के किनारे स्थित है ?
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिप्लोमा) 26.12.2020]
👉 जवाई नदी, पाली जिले के गोरिया गाँव से निकलकर पाली और जालौर जिलों में बहती है।
👉 यह नदी जालौर जिले के पललाई और बिराना गाँव के पास से गुजरती है।
👉 इसलिए जालौर शहर जवाई नदी के किनारे स्थित माना जाता है।
👉 यह नदी आगे चलकर लूनी नदी में मिल जाती है।
निम्न में से कौन-सा युग्म सुमेलित नहीं है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रोनिक्स) 23.12.2019]
👉 बनास – कुंटाल युग्म गलत सुमेलित है क्योंकि कुंटाल नदी का उल्लेख बनास की सहायक नदियों में नहीं किया गया है।
👉 जबकि चम्बल – पार्वती, लूनी – सूकड़ी, और माही – सोम — ये सभी युग्म सही सुमेलित हैं।
👉 बनास की प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — बेड़च, कोठारी, खारी, मैनाल, बाण्डी, मानसी, मोरेल आदि।
निम्नलिखित में से वह जिला जहाँ तीन नदियों का संगम होता है
[प्रयोगशाला सहायक (भूगोल) 30.06.2022]
👉 डूंगरपुर जिले में बेनेश्वर नामक स्थल पर तीन नदियों — सोम, माही और जाखम का संगम होता है।
👉 यह क्षेत्र माही नदी प्रणाली का हिस्सा है।
निम्नलिखित में से कौनसा (नदी - उत्पत्ति स्थान) सुमेलित नहीं है?
JEN (विद्युत/यांत्रिक, डिग्री) 20.05.2022
👉 बाणगंगा नदी का उद्गम जयपुर जिले की बैराठ पहाड़ियों से होता है।
👉 जबकि सेवर पहाड़ियाँ, साबी नदी का उद्गम स्थल हैं।
👉 अतः बाणगंगा – सेवर पहाड़ियाँ का संयोजन सही सुमेलित नहीं है।
👉 बाणगंगा आगे चलकर भरतपुर जिले में आंतरिक प्रवाह बनाती है।
लूणी बेसिन को और किस नाम से जाना जाता है ?
[JEN (यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 13.12.2020]
👉 लूणी बेसिन को स्थानीय रूप से गोडवार क्षेत्र के नाम से भी जाना जाता है।
👉 यह बेसिन अजमेर, पाली, जोधपुर, बाड़मेर और जालौर जिलों में फैला हुआ है।
👉 लूणी नदी का उद्गम नाग पहाड़ (अजमेर) से होता है और यह कच्छ के रन में समाहित होती है।
👉 इसका जलग्रहण क्षेत्र लगभग 34,250 वर्ग कि.मी. है।
राजस्थान की किस नदी को स्थानीय भाषा में 'वन की आशा' कहा जाता है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (रसायन) 14.09.2019]
👉 बनास नदी को स्थानीय भाषा में 'वन की आशा' कहा जाता है।
👉 इसका सम्पूर्ण प्रवाह राजस्थान में ही होता है और यह चम्बल नदी की सहायक है।
👉 इसका उद्गम अरावली की खमनोर पहाड़ियों से होता है और यह लगभग 480 किमी बहती है।
👉 ग्रीष्म ऋतु में यह नदी सूख जाती है।
रूपारेल नदी का उद्गम होता है ?
[REET मुख्य परीक्षा (L -2) 26.02.2023]
👉 रूपारेल नदी का उद्गम स्थल उदयनाथ है, जो एक स्थानीय पहाड़ी क्षेत्र माना जाता है।
👉 यह नदी राजस्थान के अलवर जिले के कुछ भागों से होकर बहती है।
👉 हालांकि इस नदी का विस्तार बहुत अधिक नहीं है, परंतु यह क्षेत्रीय जल स्रोत के रूप में महत्त्वपूर्ण है।
👉 यह नदी अंतः प्रवाहित जल प्रणालियों से मिलती-जुलती प्रवृत्ति दर्शाती है।
नदियों की लंबाई के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा तथ्य गलत है?
[वनरक्षक (चतुर्थ चरण) 13.11.2022]
👉 माही नदी को कंटाल की गंगा और दक्षिण राजस्थान की स्वर्ण रेखा कहा जाता है।
👉 उद्गम – मेहंद झील, अमझेरू ग्राम (धार, मध्यप्रदेश), प्रवेश – खोंडू ग्राम (बांसवाड़ा)।
👉 प्रवाह प्रणाली – बांसवाड़ा, प्रतापगढ़, डूंगरपुर।
👉 यह नदी कर्क रेखा को दो बार काटती है।
👉 माही नदी की कुल लंबाई 583 किमी है।
✍️ सही उत्तर है – माही (467 कि.मी.)
'डाई नदी' का सम्बन्ध राजस्थान के किस जिले से हैं ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (कोपा) 24.03.2019]
👉 डाई नदी (Dai River) अजमेर जिले की नसीराबाद तहसील के पास स्थित राजगढ़ गांव की अरावली पहाड़ियों से निकलती है।
यह नदी राजस्थान के अजमेर और टोंक जिलों में बहने के बाद टोंक जिले के बिसलपुर गांव के समीप बनास नदी में मिल जाती है।
राजस्थान के अन्तः प्रवाही अपवाह तंत्र में कौन सी नदी सम्मिलित नहीं है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रिशियन) 24.03.2019]
👉 पश्चिमी बनास नदी का उद्गम राजस्थान के सिरोही जिले में स्थित अरावली पर्वतमाला की पहाड़ियों (नया सानवाड़ा/सनवारा गांव के पास) से होता है。यह नदी सिरोही से निकलकर गुजरात के बनासकांठा जिले में प्रवेश करती है और अंततः कच्छ के रण में विलुप्त हो जाती है。
राजस्थान की रुंडित सरिता किसे नदी को कहा जाता है?
[फायरमैन परीक्षा 29.01.2022]
👉 बाणगंगा नदी को राजस्थान की 'रुंडित सरिता' कहा जाता है क्योंकि इसका जल पहले यमुना तक पहुँचता था,
👉 लेकिन अब यह भरतपुर जिले के क्षेत्र में ही फैलकर अंतःप्रवाही बन जाती है।
👉 इसका उद्गम जयपुर की बैराठ पहाड़ियों से होता है और इसकी कुल लंबाई लगभग 380 कि.मी. है।
👉 यह प्रवाह न होने के कारण अपना गंतव्य पूर्ण नहीं कर पाती — इसी कारण इसे रुंडित (अधूरी) नदी कहा जाता है।
निम्न में से कौन सी आन्तरिक अपवाह नदी है ?
[वनपाल परीक्षा 06.11.2022]
👉 साबी नदी एक आंतरिक अपवाह नदी है जो जयपुर की सेवर पहाड़ियों से निकलकर अलवर व भरतपुर क्षेत्रों से बहती हुई हरियाणा में विलुप्त हो जाती है।
👉 यह नदी वर्षा काल में ही प्रवाहित होती है और भूमि में समाहित हो जाती है।
👉 बाकी नदियाँ जैसे मीठड़ी, मासी, सूकड़ी — अंतःप्रवाहित नहीं हैं।
उदयसागर झील में जल प्रवाहित करने वाली नदी कौनसी है ?
[सहायक अग्निशमन (AFO) 29.01.2022]
👉 आयड़ नदी का प्रवाह उदयपुर जिले में होता है और यह उदयसागर झील में जल प्रवाहित करती है।
👉 प्रारंभिक भाग में इसे आयड़ नदी कहा जाता है, बाद में यह बेड़च नदी के रूप में जानी जाती है।
👉 बेड़च नदी, बनास नदी की प्रमुख सहायक है और यह बीगोद के पास बनास में मिलती है।
👉 यह जलधारा उदयपुर के आसपास के क्षेत्रों में जलापूर्ति में सहायक है।
गंभीरी तथा बेड़च नदियों के संगम पर कौनसा किला स्थित है ?
[CET (10+2 प्रथम चरण) 04.02.2023]
👉 गंभीरी और बेड़च नदियों का संगम स्थल चित्तौड़गढ़ जिले में स्थित है।
👉 इसी संगम स्थल के निकट ऐतिहासिक चित्तौड़गढ़ का किला स्थित है, जो राजस्थान का एक प्रमुख दुर्ग है।
👉 बेड़च नदी उदयसागर झील से निकलकर चित्तौड़गढ़ होकर बहती है और गंभीरी से मिलती है।
👉 यह संगम स्थल किले की भौगोलिक सुरक्षा को भी सुनिश्चित करता रहा है।
निम्न में से कौन सी नदी जयपुर जिले में होकर प्रवाहित होती है ?
[प्रयोगशाला सहायक (भूगोल) 30.06.2022]
👉 बाणगंगा नदी का उद्गम जयपुर जिले की बैराठ पहाड़ियों से होता है।
👉 यह नदी आगे चलकर सवाई माधोपुर और भरतपुर जिलों में भी प्रवाहित होती है।
👉 इसका जल यमुना तक नहीं पहुँचता, बल्कि भरतपुर क्षेत्र में फैल जाता है, जिससे यह आंतरिक प्रवाह मानी जाती है।
👉 इसकी कुल लंबाई लगभग 380 कि.मी. है।
निम्नलिखित नदियों को भारत के नक्शे पर बताये अनुसार उत्तर से दक्षिण की तरफ व्यवस्थित करें:
a. गोदावरी
b. कावेरी
c. चम्बल
d. नर्मदा
नीचे दिए गए विकल्पों में से सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर का चयन कीजिए :
[लिपिक ग्रेड -II (LDC) 11.08.2024]
👉 चम्बल नदी उत्तरी भारत में मध्य प्रदेश से निकलकर राजस्थान होकर यमुना में मिलती है — यह सबसे उत्तर में है।
👉 जो राजस्थान के उत्तर-पूर्वी भाग में बहती है।
👉 चम्बल नदी का उद्गम मध्य प्रदेश में जनापाव पहाड़ी से होता है और यह कोटा, बूंदी, सवाई माधोपुर व धौलपुर से होकर यमुना में मिलती है।
👉 अतः सही उत्तरक्रम होगा — c (चम्बल), d (नर्मदा), a (गोदावरी), b (कावेरी)।
परवन, निवाज और आहू सहायक नदियाँ है -
JEN (सिविल डिग्रीधारक) 18.05.2022
👉 परवन, निवाज और आहू — ये सभी काली सिंध नदी की सहायक नदियाँ हैं।
👉 काली सिंध का प्रवाह मध्यप्रदेश से प्रारंभ होकर राजस्थान के झालावाड़ और बारां जिलों में होता है।
👉 यह नदी आगे चलकर नानेरा के पास चम्बल नदी में मिलती है।
👉 यह पूरी प्रणाली बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली नदी व्यवस्था का हिस्सा है।
राजस्थान के निम्नलिखित में से किस जिले में नदी नहीं है ?
[आर्थिक अन्वेषक परीक्षा 25.03.2019]
👉 चूरू जिला राजस्थान के शुष्क और मरुस्थलीय क्षेत्र में स्थित है।
👉 यहाँ से कोई स्थायी या मौसमी नदी प्रवाहित नहीं होती।
👉 अन्य जिलों जैसे सीकर, झुंझुनूं, हनुमानगढ़ में कुछ अस्थायी या अंतःप्रवाही नदियाँ बहती हैं।
👉 अतः चूरू ऐसा जिला है जहाँ नदी नहीं पाई जाती।
निम्न में से कौन सी राजस्थान में आन्तरिक अपवाह की नदी नहीं है ?
[REET मुख्य परीक्षा (L -2) 25.02.2023]
👉 जाखम नदी, माही नदी की एक प्रमुख सहायक नदी है, जो अंततः अरब सागर की ओर बहने वाली माही में मिलती है।
👉 इस प्रकार यह आन्तरिक अपवाह प्रणाली का भाग नहीं है, बल्कि बाह्य अपवाह प्रणाली से जुड़ी हुई है।
👉 जबकि काकानी, साबी और घग्घर जैसी नदियाँ राजस्थान में आन्तरिक अपवाह की श्रेणी में आती हैं।
👉 जाखम नदी का प्रवाह क्षेत्र मुख्यतः डूंगरपुर व बांसवाड़ा जिलों में है।
चम्बल नदी राजस्थान में निम्न में से किन जिलों की सीमा बनाती है ?
[JEN (यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 13.12.2020]
👉 चम्बल नदी राजस्थान में प्रवेश कर कोटा और बूंदी की सीमा बनाती है।
👉 इसके बाद यह सवाई माधोपुर और कोटा तथा फिर राजस्थान-मध्यप्रदेश की सीमा बनाते हुए बहती है।
👉 यह नदी राजस्थान में लगभग 135 किमी तक प्रवाहित होती है।
👉 चौरासीगढ़ से होकर यह संकीर्ण घाटी (गार्ज) में बहती है।
राजस्थान की कौन सी नदी कर्क रेखा को दो बार पार करती है ?
[हाथकरघा निरीक्षक (उद्योग) 22.12.2019]
👉 माही नदी राजस्थान की एकमात्र नदी है जो कर्क रेखा को दो बार पार करती है।
👉 इसका उद्गम मध्य प्रदेश में होता है और यह बाँसवाड़ा व डूंगरपुर जिलों से होकर गुजरती है।
👉 अंत में यह अरब सागर की खम्भात की खाड़ी में गिरती है।
माही नदी का उद्गम ___ में है ।
[REET मुख्य परीक्षा (L -2) 28.02.2023]
👉 माही नदी का उद्गम मध्य प्रदेश के महू की पहाड़ियों से होता है, जो धार जिले के अंतर्गत आता है।
👉 यह नदी राजस्थान के बाँसवाड़ा जिले में ग्राम खाटू के पास प्रवेश करती है।
👉 आगे चलकर यह डूंगरपुर व बाँसवाड़ा की सीमा बनाते हुए खम्भात की खाड़ी में गिरती है।
👉 इस नदी पर माही-बजाज सागर बाँध का निर्माण भी किया गया है।
राजस्थान के आन्तरिक अपवाह तंत्र में निम्नांकित में से कौनसी नदी सम्मिलित नहीं है ?
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड - III 19.09.2019]
👉 जाखम नदी का उद्गम स्थल राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले की छोटी सादड़ी तहसील की भंवरमाता की पहाड़ियों में स्थित है。जाखम नदी से जुड़े कुछ मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:प्रवाह क्षेत्र: यह नदी प्रतापगढ़, उदयपुर (सलूम्बर क्षेत्र), और डूंगरपुर जिलों में बहती है。प्रमुख बांध: इस नदी पर प्रतापगढ़ की धरियावद तहसील के अनूपपुरा गांव के पास जाखम बांध बनाया गया है, जो कि राजस्थान का सबसे ऊंचा बांध है。संगम: यह नदी डूंगरपुर जिले में बेणेश्वर धाम (त्रिवेणी संगम) के समीप सोम नदी में मिल जाती है, जो आगे चलकर माही नदी में समाहित हो जाती है
'बेणेश्वर' तीन नदियों के संगम पर अवस्थित है ।
[अन्वेषक परीक्षा 27.12.2020]
👉 बनास नदी का उद्गम राजस्थान के राजसमंद जिले में कुंभलगढ़ के पास अरावली पर्वतमाला की खमनोर पहाड़ियों (वेरों के मठ/परशुराम महादेव) से होता है。यह नदी पूरी तरह से राजस्थान में बहने वाली सबसे लंबी नदी है और इसे 'वन की आशा' (वर्णाशा) भी कहा जाता है
माही नदी के बायें किनारे की सहायक नदी है [*]
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -B) 11.12.2022]
📌 महत्वपूर्ण सूचना: इस प्रश्न को बोर्ड द्वारा 'डिलीट' या अमान्य घोषित किया गया है।
सूची-I को सूची-I से सुमेलित कीजिए और नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए-
[कनिष्ठ अनुदेशक (कार्यशाला) 10.09.2022]
सूची-1 (त्रिवेणी संगम) सूची-I (नदियाँ)
(a) बीगोद (i) बनास, बेड़च, मेनाल
(b) राजमहल (ii) बनास, डाई, खारी
(c) रामेश्वर घाट (iii) बनास, चंबल, सीप
(d) बेनेश्वर (iv) सोम, माही, जाखम
कूट :-
👉 (a) बीगोद में बनास, बेड़च और मेनाल नदियों का संगम होता है।
👉 (b) राजमहल संगम स्थल पर बनास, डाई और खारी नदियाँ मिलती हैं।
👉 (c) रामेश्वर घाट पर बनास, चम्बल और सीप नदियों का त्रिवेणी संगम होता है।
👉 (d) बेनेश्वर को राजस्थान का प्रयाग भी कहा जाता है, जहाँ सोम, माही और जाखम नदियाँ मिलती हैं।
निम्नलिखित में से कौनसी नदी नागौर जिले की नहीं है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (वेल्डर) 26.03.2019]
👉 आलानिया (Alaniya) नदी का उद्गम स्थल राजस्थान के कोटा जिले में स्थित मुकुंदवाड़ा की पहाड़ियों से होता है।
यह नदी यहाँ से निकलकर लगभग 75 किलोमीटर की दूरी तय करती है। अंत में, यह कोटा जिले के लाडपुरा तहसील के नोटना गांव के पास चंबल नदी में मिल जाती है और चंबल की एक प्रमुख सहायक नदी है।
निम्नलिखित में से कौन-सी नदी राजस्थान के आन्तरिक अपवाह तन्त्र से सम्बंधित नहीं है?
JEN (विद्युत डिप्लोमाधारक) 19.05.2022
👉 डाई नदी का संबंध बनास नदी प्रणाली से है, जो आगे चलकर चम्बल में मिलती है।
👉 इस कारण यह नदी बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली अपवाह प्रणाली का हिस्सा है।
👉 जबकि आंतरिक अपवाह नदियाँ जैसे काकनी, साबी, कातली भूमि में विलीन हो जाती हैं।
👉 अतः डाई नदी, राजस्थान के आंतरिक अपवाह तंत्र से संबंधित नहीं है।
राजस्थान में निम्न में से कौनसी नदी सदावाहिनी है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (विष) 14.09.2019]
👉 चंबल नदी का उद्गम मध्य प्रदेश के इंदौर जिले में महू के पास विंध्याचल पर्वतमाला की जनापाव पहाड़ियों (सिंगार चौरी चोटी) से होता है。यह नदी राजस्थान में उत्पन्न नहीं होती, बल्कि राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले (चौरासीगढ़) से प्रवेश करती है और लगभग 225 किमी तक बहने के बाद उत्तर प्रदेश में यमुना नदी में मिल जाती है。राजस्थान से जुड़े मुख्य बिंदु:प्रवेश बिंदु: चित्तौड़गढ़ के चौरासीगढ़ (मंडी) से。राजस्थान में बहाव क्षेत्र: चित्तौड़गढ़, कोटा, बूंदी, सवाई माधोपुर, करौली और धौलपुर。जलप्रपात: भैंसरोड़गढ़ के पास यह प्रसिद्ध चूलिया जलप्रपात बनाती है。
निम्नांकित में से कौनसा जोड़ा सही सुमेलित नहीं है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (वेल्डर) 26.03.2019]
👉 माही नदी की प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — सोम, जाखम, अनास, चाप, इराऊ और मोरेन।
👉 जबकि मिनाल नदी, बनास की सहायक मानी जाती है, न कि माही की।
👉 अतः माही – मिनाल युग्म सही सुमेलित नहीं है।
उत्खात स्थलाकृति किस बेसिन में पाई जाती है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (वेल्डर) 26.03.2019]
👉 उत्खात स्थलाकृति (Badland Topography) राजस्थान में चम्बल नदी बेसिन में पाई जाती है।
👉 विशेषकर सवाई माधोपुर और धौलपुर क्षेत्रों में चम्बल के किनारे तेज़ कटाव के कारण बीहड़ क्षेत्र बन गए हैं।
👉 यह भू-आकृति गहरी घाटियों और ऊबड़-खाबड़ भूमि का निर्माण करती है।
निम्नलिखित में से कौनसी एक राजस्थान की अंतःप्रवाही नदी नहीं हैं ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (विष) 14.09.2019]
👉 सागी नदी, सिरोही की अरावली पहाड़ियों से निकलकर जालौर होते हुए बाड़मेर में लूनी नदी में मिलती है।
👉 अतः यह एक लूनी की सहायक नदी है, न कि अंतःप्रवाही।
👉 कांतली, काकनी और साबी जैसी नदियाँ अंतःप्रवाही हैं, जो रेत या भूमि में समा जाती हैं।
निम्नलिखित युग्मों में से कौन सा सही सुमेलित नहीं है
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 26.12.2020]
नदी - उद्गम स्थल
👉 बनास नदी का उद्गम खमनौर पहाड़ियों से होता है, जो कुम्भलगढ़ के पास स्थित हैं।
👉 बाणगंगा नदी का स्रोत जयपुर जिले की बैराठ पहाड़ियाँ हैं।
👉 कांतली नदी खंडेला की पहाड़ियों से निकलती है और अंतःप्रवाही है।
👉 जबकि काकनी नदी का स्रोत कुम्भलगढ़ नहीं, बल्कि जैसलमेर के पास कोटड़ी गाँव के पास बताया गया है।
निम्नलिखित में से कौनसा (नदी - उत्पत्ति स्थान) सुमेलित नहीं है?
[वनरक्षक (चतुर्थ चरण) 13.11.2022]
👉 1.जाखम नदी का उद्गम स्थल राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले में छोटी सादड़ी उपखंड की भंवरमाता की पहाड़ियाँ (जाखमिया गाँव के पास) है
2.सोम नदी का उद्गम राजस्थान के उदयपुर जिले में झाड़ोल तहसील के पास स्थित बिच्छामेढ़ा (या बाबलवाड़ा) की पहाड़ियों (ऋषभदेव के निकट अरावली पर्वतमाला) से होता है
3.सागी नदी का उद्गम राजस्थान के जालोर जिले में जसवंतपुरा की पहाड़ियों (Jaswantpura Hills) से होता है।
4.बनास नदी का उद्गम स्थल राजस्थान के राजसमंद जिले में स्थित खमनोर की पहाड़ियों (वेरोन का मठ) में है
निम्नलिखित में से कौन सा कथन बेड़च नदी के संबंध में सही नहीं है?
[वनरक्षक (प्रथम चरण) 12.11.2022]
👉 बेड़च नदी का उद्गम गोगुन्दा की पहाड़ियों से होता है, और यह उदयपुर के पास आयड़ नदी के नाम से जानी जाती है।
👉 उदयसागर झील से निकलने के बाद इसे बेड़च नदी कहा जाता है, जो बीगोद (भीलवाड़ा) के निकट बनास में मिलती है।
विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर बांसवाड़ा जिले की किस नदी पर पुल बनाने का शिलान्यास हुआ ?
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -A) 11.12.2022]
👉 अनास नदी मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले में विंध्य के उत्तरी ढलान पर कलमोरा के पास से निकलती है और उत्तर-पश्चिम दिशा में बहती है और राजस्थान में डूंगरपुर जिले में बाएं किनारे पर मुख्य नदी माही में मिलती है।
बीकानेर जिला से प्रवाहित होने वाली नदी का नाम है
[CET (10+2 प्रथम चरण) 04.02.2023]
👉 बीकानेर और चूरू ऐसे दो प्रमुख जिले हैं जिनमें कोई भी प्राकृतिक नदी नहीं बहती है。
निम्नलिखित में से कौन सी नदी उदयपुर जिले में प्रवाहित नहीं होती है ?
[REET मुख्य परीक्षा (L -2) 28.02.2023]
👉 पार्वती नदी मध्य प्रदेश के सिहोर के पास से निकलती है और राजस्थान के बारां व सवाई माधोपुर जिलों से होकर बहती है।
👉 यह नदी उदयपुर जिले से होकर नहीं बहती, जबकि बेड़च, कोठारी और सोम जैसी नदियाँ उदयपुर क्षेत्र में प्रवाहित होती हैं।
👉 पार्वती की प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — अंधेरी, रेतरी, अहेली और कूल।
👉 यह अंततः चम्बल नदी में मिलती है, जो कोटा और धौलपुर के पास बहती है।
माही नदी का किनारा कहलाता है
VDO Pre. (द्वितीय चरण) 27.12.2021
👉 माही नदी का तटवर्ती क्षेत्र ‘कांठल’ कहलाता है।
👉 यह नदी मध्य प्रदेश के महू से निकलकर बाँसवाड़ा और डूंगरपुर जिलों की सीमा बनाती है।
👉 इस क्षेत्र में स्थित माही-बजाज सागर बाँध प्रमुख सिंचाई परियोजना है।
👉 कांठल क्षेत्र मुख्यतः दक्षिणी राजस्थान के भू-आकृतिक भाग को दर्शाता है।
निम्नलिखित में से कौनसा किला सूकड़ी नदी के दाहिने किनारे पर बना हुआ है ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 28.06.2022]
👉 सूकड़ी नदी का संगम जालौर जिले में लूनी नदी से होता है।
👉 सूकड़ी नदी, जवाई नदी की एक सहायक नदी है, जो पाली-जालौर क्षेत्र में बहती है।
👉 यह क्षेत्र मरुस्थलीय जल-प्रवाह प्रणाली के अंतर्गत आता है।
खारी नदी का उद्गम राजसमन्द जिले के उत्तर में स्थित __________ गाँव की पहाड़ियों से होता है ।
[कनिष्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रिशियन) 24.03.2019]
👉 खारी नदी का उद्गम राजसमन्द जिले के उत्तर में स्थित बिजराल गाँव की पहाड़ियों से होता है।
👉 इसकी कुल लम्बाई लगभग 80 किमी है और यह अजमेर जिले के देवली के निकट बनास नदी में मिलती है।
👉 यह नदी भी बनास की प्रमुख सहायक नदियों में से एक है।
निम्न में कौन सी नदी बाँसवाड़ा जिले में नहीं बहती है ? [*]
[कनिष्ठ अनुदेशक (वेल्डर) 26.03.2019]
मालपुरा - करौली मैदान भाग है
[CET (10+2 प्रथम चरण) 04.02.2023]
👉 मालपुरा–करौली मैदान का क्षेत्र बनास नदी बेसिन का हिस्सा है।
👉 बनास नदी अरावली की खमनोर पहाड़ियों से निकलकर कई जिलों से होती हुई कोटा के पास चम्बल में मिलती है।
👉 इस नदी के जलग्रहण क्षेत्र में टोंक, सवाई माधोपुर, करौली जैसे जिले आते हैं।
👉 बनास बेसिन का कुल क्षेत्रफल लगभग 46,570 वर्ग किमी है, जो राज्य का सबसे बड़ा नदी बेसिन है।
निम्नलिखित में से कौन सी नदी 'कामधेनु नदी' के नाम से भी जानी जाती है ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 29.06.2022]
👉 चम्बल नदी को पौराणिक मान्यता के अनुसार 'कामधेनु नदी' के नाम से भी जाना जाता है।
👉 इसे प्राचीन काल में चर्मण्यवती नाम से जाना जाता था।
👉 यह नदी जनापाव पहाड़ियों से निकलकर राजस्थान के कोटा, बूंदी, सवाई माधोपुर होते हुए यमुना में मिलती है।
👉 इसकी प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — बनास, काली सिंध, पार्वती।
निम्नलिखित में से कौन सा युग्म सही है ?
[JEN (विधुत) (डिग्रीधारक) 29.11.2020]
👉 सोम नदी, माही नदी की प्रमुख सहायक नदी है — यह युग्म सही है।
👉 जाखम नदी भी माही की सहायक है, न कि लूनी की।
👉 पार्वती नदी, चम्बल की सहायक है, जाखम से इसका संबंध नहीं।
👉 कोठारी नदी भी बनास की सहायक है, लूनी से नहीं जुड़ी।
निम्नलिखित में से कौन-सी राजस्थान की नदी बंगाल की खाड़ी के अपवाहतन्त्र का भाग नहीं है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (भौतिक) 21.09.2019]
👉 माही नदी, मध्य प्रदेश से निकलकर बाँसवाड़ा और डूंगरपुर होते हुए अरब सागर की खम्भात की खाड़ी में गिरती है।
👉 अतः यह अरब सागर अपवाह तंत्र का भाग है, न कि बंगाल की खाड़ी का।
👉 बंगाल की खाड़ी अपवाह तंत्र की नदियाँ हैं – चम्बल, बनास, बाणगंगा आदि।
कौनसी नदी राजस्थान में उत्तर दिशा से प्रवेश करती है ?
[VDO मुख्य परीक्षा 09.07.2022]
👉 घग्घर नदी हिमालय की शिवालिक पहाड़ियों से निकलती है और हरियाणा से होते हुए राजस्थान में प्रवेश करती है।
👉 यह नदी उत्तर दिशा से राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले की टिब्बी तहसील में प्रवेश करती है।
👉 इसका प्रवाह मार्ग मुख्यतः उत्तर से दक्षिण की ओर है और यह अंतःप्रवाहित नदी है।
👉 वर्षा ऋतु में इसमें अत्यधिक जल प्रवाह होता है, जिससे बाढ़ जैसी स्थिति बन जाती है।
राजस्थान की किस नदी को मसूरदी नदी भी कहा जाता है ? [*]
[आर्थिक अन्वेषक परीक्षा 25.03.2019]
📌 महत्वपूर्ण सूचना: इस प्रश्न को बोर्ड द्वारा 'डिलीट' या अमान्य घोषित किया गया है।
निम्नलिखित में से कौन सी नदी राजस्थान नहर के लिए जल का स्रोत है ?
[SI मोटर वाहन 12.02.2022]
👉 राजस्थान नहर (इंदिरा गांधी नहर) के लिए जल का प्रमुख स्रोत सतलज और ब्यास नदियाँ हैं।
जल उपलब्धता के आधार पर कौन सा नदी बेसिन राजस्थान में द्वितीय स्थान पर है ?
[CET (स्नातक) (चरण -III) 08.01.2023]
👉 बनास नदी का उद्गम खमनोर की पहाड़ियों से होता है और इसका सम्पूर्ण प्रवाह राजस्थान राज्य के भीतर है।
👉 इसका जलग्रहण क्षेत्र 46,570 वर्ग किमी है, जो राज्य के कुल जलग्रहण क्षेत्र का 27.48% है।
👉 लूनी नदी का क्षेत्रफल 34,250 वर्ग किमी (20.21%) है और यह बालोतरा तक मीठी तथा आगे खारी होती है।
👉 चम्बल नदी का जलग्रहण क्षेत्र 29,110 वर्ग किमी (17.18%) है और राजस्थान में केवल 135 किमी बहती है।
कोठारी नदी का उद्गम स्रोत है
[कनिष्ठ अनुदेशक (कोपा) 24.03.2019]
👉 कोठारी नदी राजसमंद जिले में देवगढ़ के पास अरावली की पहाड़ियों (दिवेर की पहाड़ियों) से निकलती है। यह नदी लगभग 185 किलोमीटर तक बहने के बाद भीलवाड़ा जिले के नंदराई में बनास नदी में मिल जाती है।इस नदी के बारे में कुछ मुख्य बिंदु:उद्गम स्थल: दिवेर की पहाड़ियाँ और बिजराल की पहाड़ियाँ (राजसमंद)मुख्य बांध: इस नदी पर भीलवाड़ा जिले में मेजा बांध बना हुआ है, जो शहर को पीने का पानी उपलब्ध कराता है।ऐतिहासिक महत्व: कोठारी नदी के किनारे ही( राजस्थान) भीलवाड़ा की प्रसिद्ध बागोर सभ्यता स्थित है।
अनास, एरू तथा चाप किस नदी की सहायक नदियां हैं?
[JEN (कृषि) 10.09.2022]
👉 अनास, एरू (इराऊ) तथा चाप नदियाँ माही नदी की प्रमुख सहायक नदियाँ हैं।
👉 माही नदी मध्यप्रदेश के महू की पहाड़ियों से निकलकर राजस्थान के बाँसवाड़ा व डूंगरपुर क्षेत्रों से बहती है।
👉 इसका जलग्रहण क्षेत्र लगभग 16,030 वर्ग कि.मी. में फैला है।
👉 इस पर माही-बजाज सागर बाँध बाँसवाड़ा के पास स्थित है, जो सिंचाई हेतु उपयोगी है।
निम्न में से कौन सा सही सुमेलित नहीं है
[JEN (विधुत) (डिप्लोमाघारक) 29.11.2020]
मुख्य नदी सहायक नदी
👉 लूनी नदी की सहायक नदियों में अनास शामिल नहीं है, बल्कि अनास नदी माही की सहायक है।
👉 साबरमती – वात्रक, माही – कमला, तथा चम्बल – परवन का संबंध सही है।
👉 अतः लूनी – अनास गलत सुमेलित है क्योंकि इसका भौगोलिक संबंध नहीं है।
👉 लूनी की प्रमुख सहायक नदियाँ – जवाई, सुखड़ी, मीठड़ी, बाड़ी, सागी आदि हैं।
निम्न में से कौन सी नदी का अपना सम्पूर्ण प्रवाह राजस्थान में ही सीमित है ?
[प्रयोगशाला सहायक (भूगोल) 30.06.2022]
👉 बनास नदी का उद्गम खमनौर पहाड़ियों (कुम्भलगढ़ के पास) से होता है।
👉 यह नदी राजस्थान राज्य के भीतर ही प्रवाहित होती है और अंत में कोटा के पास चम्बल नदी में मिलती है।
👉 इसकी कुल लंबाई लगभग 480 कि.मी. है और यह पूरी तरह राजस्थान में सीमित है।
👉 इसे "वन की आशा" भी कहा जाता है।
'कुराल नदी' का सम्बन्ध निम्नलिखित में से राजस्थान के किस जिले से है ?
[प्रयोगशाला सहायक (भूगोल) 30.06.2022]
👉 बूंदी जिले से होकर बहने वाली नदियाँ हैं — चम्बल, मेज, मांगली और मेनाल नदी।
👉 मेज नदी भीलवाड़ा से निकलकर लाखेरी (बूंदी) के पास चम्बल में मिलती है।
👉 मेनाल नदी भी चित्तौड़गढ़–भीलवाड़ा क्षेत्र में बहती है और इसका भी उल्लेख प्रमुख जलप्रपात के रूप में हुआ है।
निम्नलिखित में से कौनसे युग्म जिले में से एक भी नदी प्रवाहित नहीं होती ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (जैविक) 15.09.2019]
👉 बीकानेर और चुरू ऐसे जिले हैं जहाँ से कोई भी स्थायी नदी प्रवाहित नहीं होती, ये अत्यंत शुष्क मरुस्थलीय क्षेत्र हैं।
👉 जबकि हनुमानगढ़ से घग्घर नदी, नागौर में कुछ मौसमी नालें और बाड़मेर-जैसलमेर में लूनी की सहायक नदियाँ बहती हैं।
👉 अतः बीकानेर – चुरू ही ऐसा युग्म है जहाँ से एक भी नदी प्रवाहित नहीं होती।
निम्नलिखित में से कौनसा (उत्पत्ति स्थान – नदी) सही सुमेलित नहीं है?
[हाउस कीपर परीक्षा 09.07.2022]
👉 बनास नदी का उद्गम खमनौर पहाड़ियों से होता है, जो कुम्भलगढ़ से 5 कि.मी. दूर स्थित हैं।
👉 जबकि बिजराल पहाड़ियाँ से निकलने वाली नदी है खारी नदी, जो बनास की सहायक नदी है।
👉 अतः बिजराल पहाड़ियाँ – बनास का संयोजन सही सुमेलित नहीं है।
👉 बनास नदी पूरी तरह राजस्थान में प्रवाहित होती है और इसकी लंबाई लगभग 480 कि.मी. है।
'छप्पन मैदान' का सम्बंध निम्नलिखित में से किस नदी से है?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 28.06.2022]
👉 छप्पन का मैदान का संबंध माही नदी से है, यह मैदान बांसवाड़ा जिले में स्थित है।
👉 यह क्षेत्र माही नदी के बेसिन का हिस्सा है और राजस्थान के दक्षिणी-पूर्वी भाग में आता है।
👉 छप्पन का मैदान पठारी और समतलीय भू-आकृति वाला क्षेत्र है।
निम्नलिखित में से कौन सी नदी आंतरिक अपवाह से संबंधित नहीं है ?
[VDO मुख्य परीक्षा 09.07.2022]
👉 सागी नदी का उद्गम सिरोही की अरावली पहाड़ियों से होता है और यह जालौर व बाड़मेर से होकर बहती है।
👉 यह आगे चलकर लूनी नदी में मिल जाती है, जो एक प्रमुख नदी है।
👉 जबकि आंतरिक अपवाह नदियाँ वे होती हैं जो किसी सागर में नहीं गिरतीं, बल्कि रेत या भूमि में विलीन हो जाती हैं।
👉 अतः सागी नदी आंतरिक अपवाह से संबंधित नहीं है।
निम्नलिखित में से कौन सी नदी राजस्थान की बंगाल की खाड़ी अपवाह तंत्र की नदियों में शामिल नहीं है ?
[JEN (सिविल) (डिग्रीधारक) 12.09.2021]
👉 लूनी नदी राजस्थान की एकमात्र प्रमुख नदी है जो अरब सागर अपवाह तंत्र से संबंधित है।
👉 इसका उद्गम अजमेर के नाग पहाड़ से होता है और यह कच्छ के रन में विलीन हो जाती है।
👉 जबकि चम्बल, बनास, बाणगंगा जैसी नदियाँ बंगाल की खाड़ी अपवाह तंत्र में आती हैं।
👉 अतः लूनी नदी, बंगाल की खाड़ी अपवाह तंत्र में शामिल नहीं है।
बनास नदी का उद्गम है-
[REET मुख्य परीक्षा (L -1) 25.02.2023]
👉 बनास नदी का उद्गम अरावली की खमनोर पहाड़ियों से होता है, जो कुम्भलगढ़ से लगभग 5 किमी दूर स्थित हैं।
👉 यह नदी गोगुन्दा के पठार से होकर बहती हुई नाथद्वारा, राजसमंद, चित्तौड़गढ़ और भीलवाड़ा जिलों से गुजरती है।
👉 बनास नदी अंततः कोटा के समीप चम्बल नदी में मिल जाती है।
👉 इसकी लम्बाई लगभग 480 किमी है और यह गर्मियों में सूख जाती है।
निम्नलिखित में से राजस्थान की आंतरिक प्रवाह की नदियाँ कौनसी हैं ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (रेफ्रीजरेशन) 24.12.2019]
👉 कांतली, मसूरदी (काकनी) और साबी — ये तीनों नदियाँ आंतरिक प्रवाह प्रणाली की हैं, जो कुछ दूरी तक बहकर रेत या भूमि में समा जाती हैं।
👉 जबकि बाणगंगा नदी पहले यमुना में मिलती थी, परंतु अब इसका जल भरतपुर में फैल जाता है, इसलिए इसे कभी-कभी आंतरिक माना जाता है।
👉 परंतु दी गई सूची में से बाणगंगा तुलनात्मक रूप से कम स्पष्ट आंतरिक मानी जाती है।
निम्नांकित नदियों में से कौन सी अन्तः प्रवाही नदी नहीं है ?
[प्रयोगशाला सहायक (भूगोल) 30.06.2022]
👉 वाकल नदी राजस्थान के उदयपुर जिले से निकलती है और आगे चलकर साबरमती नदी में मिलती है।
👉 साबरमती नदी अंततः अरब सागर (खम्भात की खाड़ी) में गिरती है।
👉 अतः वाकल नदी एक बहिर्वाही नदी की सहायक है, न कि अंतःप्रवाही।
👉 जबकि अंतःप्रवाही नदियाँ जैसे काकनी, साबी, कातली भूमि में विलुप्त हो जाती हैं।
जोधपुरा सभ्यता किस नदी के तट पर स्थित है ?
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -B) 11.12.2022]
👉 साबी नदी का उद्गम जयपुर की सेवर पहाड़ियों से होता है और यह अलवर जिले के बानसूर, बहरोड़, किशनगढ़, मुण्डावर, तिजारा क्षेत्रों से बहती है।
👉 यह नदी हरियाणा में प्रवेश कर विलुप्त हो जाती है और इसके तटवर्ती क्षेत्र में जोधपुरा सभ्यता स्थित है।
👉 यह नदी वर्षा ऋतु में बहती है और अंतःप्रवाहित नदियों में शामिल है।
👉 इसका संबंध उत्तर-पूर्वी राजस्थान की सभ्यताओं से है।
निम्नलिखित में से कौनसा (भौगोलिक क्षेत्र और जिले) सही सुमेलित नहीं है?
[वनरक्षक (प्रथम चरण) 12.11.2022]
👉 कूबड़ पट्टी अजमेर और नागौर के बीच की अनियमित ऊँच-नीच वाली भूमि है, यह सुमेलित है।
👉 छप्पन का मैदान मुख्यतः बांसवाड़ा जिले में आता है, और यह बनास बेसिन का भाग है।
👉 उपरमल का पठार भी भीलवाड़ा और चित्तौड़गढ़ जिलों में स्थित है।
👉 भोराठ (या भोराट) का पठार कुंभलगढ़ (राजसमंद) और गोगुंदा (उदयपुर) के बीच स्थित है。 यह अरावली पर्वतमाला का सबसे ऊँचा हिस्सा है, जो मुख्य रूप से उदयपुर और राजसमंद जिलों में फैला हुआ
राजस्थान के _____ जिले में बाणगंगा नदी बेसिन का सर्वाधिक प्रतिशत भाग स्थित है।
[REET मुख्य परीक्षा (L -2) 27.02.2023]
👉 राजस्थान की बाणगंगा नदी को मुख्य रूप से तीन उपनामों - अर्जुन की गंगा, ताला नदी, और रुंडित नदी (या रुंडित सरिता)—से जाना जाता है।
बाड़मेर के तिलवाड़ा में लूनी नदी से __________ नदी मिलती है ।
[कनिष्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रिशियन) 24.03.2019]
👉 सुकड़ी नदी पाली जिले में अरावली पर्वतमाला की पश्चिमी ढलानों (देसुरी के पास) से निकलती है।यह नदी यहाँ से निकलकर सिरोही, जालौर और बालोतरा जिलों से बहती हुई, अंत में मजल कस्बे के समीप लूणी नदी में मिल जाती है
नदी जो बंगाल की खाड़ी से नहीं जुड़ती है, वह है -
[लवण निरीक्षक (उद्योग) 22.12.2019]
👉 माही नदी का उद्गम मध्य प्रदेश के धार जिले की सरदारपुर तहसील के मिंडा गांव के निकट मेहद झील (विंध्याचल पर्वतमाला) से होता है。माही नदी से जुड़े कुछ मुख्य बिंदु:मार्ग: यह नदी मध्य प्रदेश से निकलकर राजस्थान (बांसवाड़ा और डूंगरपुर) और गुजरात से बहती हुई अरब सागर में खंभात की खाड़ी में गिरती है。कर्क रेखा: यह भारत की एकमात्र ऐसी नदी है जो कर्क रेखा को दो बार काटती है。अन्य नाम: इसे आदिवासियों की गंगा और 'वागड़ की कंठल की गंगा' भी कहा जाता है
राजस्थान में माही नदी निम्न में से किन जिलों की सीमा बनाती है
[JEN (यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 13.12.2020]
👉 माही नदी मध्य प्रदेश से निकलकर राजस्थान के बाँसवाड़ा जिले में प्रवेश करती है।
👉 यह डूंगरपुर और बाँसवाड़ा जिलों की सीमा बनाती हुई बहती है।
👉 इसका जलग्रहण क्षेत्र उदयपुर, बाँसवाड़ा, चित्तौड़गढ़ और डूंगरपुर जिलों में फैला हुआ है।
👉 माही नदी पर माही-बजाज सागर बाँध का निर्माण बाँसवाड़ा के निकट हुआ है।
नीचे दो कथन दिए गए हैं:
कथन (I) : भारत की एकमात्र खारी नदी, लूनी, राजस्थान में थार रेगिस्तान से होकर बहती है।
कथन (II) : लूनी नदी, गुजरात के कच्छ के रण में समाप्त होती है।
उपरोक्त कथनों के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर चुनें।
[Supervisor (महिला) 07.09.2024]
👉 लूनी नदी राजस्थान की सबसे महत्त्वपूर्ण मरुस्थलीय नदी है, जो थार रेगिस्तान से होकर बहती है और इसका पानी बालोतरा तक मीठा तथा उसके बाद खारा हो जाता है।
👉 यह नदी गुजरात के कच्छ के रण में जाकर समाप्त होती है, और इसका जलग्रहण क्षेत्र 34,250 वर्ग किमी में फैला है।
👉 अतः दोनों कथन सही हैं — यह भारत की प्रमुख खारी नदी भी है और कच्छ के रण में जाकर विलीन हो जाती है।
👉 यह नदी वर्षा ऋतु में प्रवाहित होती है और पश्चिमी राजस्थान के अजमेर, पाली, जोधपुर, बाड़मेर, जालौर आदि जिलों से होकर बहती है।
निम्नलिखित में से कौनसा (नदी - सम्बन्धित जिला) सुमेलित नहीं है?
[CET (स्नातक) (चरण -III) 08.01.2023]
👉 वात्रक (Vatrak) नदी का सम्बन्ध राजस्थान के डूंगरपुर जिले से है। यह साबरमती नदी की एक प्रमुख सहायक नदी है।
वाकल, मेश्वा और हथमति सहायक नदियाँ हैं ?
JEN (विद्युत डिग्रीधारक) 19.05.2022
👉 वाकल, मेश्वा और हथमति — ये सभी साबरमती नदी की सहायक नदियाँ हैं।
👉 साबरमती नदी राजस्थान के उदयपुर एवं सिरोही जिलों से होकर बहती है और आगे चलकर गुजरात में खम्भात की खाड़ी में गिरती है।
👉 इसकी प्रारंभिक धाराएँ वाकल और सेई हैं, जो बाद में मिलकर मुख्य नदी बनाती हैं।
👉 यह नदी अरब सागर अपवाह तंत्र से संबंधित है।
निम्नलिखित नदियों में से कौन अध्यारोपित नदी का उदाहरण है?
[CET (स्नातक) (चरण -II) 07.01.2023]
👉 बनास नदी अरावली की खमनोर पहाड़ियों से निकलती है और कई जिलों से होकर बहती है।
👉 यह नदी अरावली पर्वत को काटकर बहती है, जिससे यह अध्यारोपित नदी का उदाहरण बनती है।
👉 अध्यारोपित नदी वह होती है जो पुराने स्थलाकृति पर नए मार्ग से कटाव करती है।
👉 बनास की प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — बेड़च, कोठारी, खारी आदि।
निम्नलिखित में से कौनसी राजस्थान की अंतःप्रवाही नदी नहीं है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (मैकेनिक) 23.12.2019]
👉 कोठारी नदी राजसमंद जिले में देवगढ़ के पास अरावली की पहाड़ियों (दिवेर की पहाड़ियों) से निकलती है। यह नदी लगभग 185 किलोमीटर तक बहने के बाद भीलवाड़ा जिले के नंदराई में बनास नदी में मिल जाती है।
इस नदी के बारे में कुछ मुख्य बिंदु:उद्गम स्थल: दिवेर की पहाड़ियाँ और बिजराल की पहाड़ियाँ (राजसमंद)मुख्य बांध: इस नदी पर भीलवाड़ा जिले में मेजा बांध बना हुआ है, जो शहर को पीने का पानी उपलब्ध कराता है।ऐतिहासिक महत्व: कोठारी नदी के किनारे ही राजस्थान की प्रसिद्ध बागोर सभ्यता स्थित है।
सूची I के साथ सूची II का मिलान कीजिए
सूची I (नदी का नाम) सूची II (नदियों के दूसरे नाम)
a. घग्गर नदी I. लवण जल नदी
b. चंबल नदी II. वागड़ की गंगा
c. माही नदी III. कामधेनु नदी
d. लूनी नदी IV. मृत नदी
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :
[कृषि पर्यवेक्षक परीक्षा 04.02.2024]
👉 घग्गर नदी को "मृत नदी (Dead River)" कहा गया है, जो वर्षा काल में बहती है लेकिन बाकी समय शुष्क रहती है।
👉 चम्बल नदी को प्राचीन काल में "चर्मण्यवती" कहा गया है।
👉 माही नदी को "वागड़ की गंगा" कहा गया है।
👉 लूनी नदी को "लवण जल नदी" के रूप में पहचाना जा सकता है क्योंकि बालोतरा के बाद इसका जल खारा (saline) हो जाता है।
बनास नदी त्रिवेणी संगम का निर्माण ____ नदियों के साथ करती है।
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -B) 11.12.2022]
👉 बनास नदी की प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — बेडच, कोठारी, खारी, मैनाल, मोरेल आदि।
👉 बनास नदी चित्तौड़गढ़ व भीलवाड़ा जिलों से होते हुए बीगोद के पास बेड़च नदी को सम्मिलित करती है।
👉 त्रिवेणी संगम का निर्माण बनास, बेड़च और मेनाल नदियों के संगम से होता है।
निम्नलिखित युग्मों में से कौन सा सुमेलित नहीं है
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -B) 11.12.2022]
नदी सहायक नदी
👉 चम्बल की सहायक नदियाँ हैं — बनास, काली सिंध, पार्वती।
👉 बनास की सहायक नदियाँ हैं — बेडच, कोठारी, खारी, मैनाल, मोरेल आदि।
👉 लूनी की सहायक नदियाँ हैं — सूकड़ी, जवाई, मीठड़ी, लीलड़ी आदि।
👉 जबकि कोठारी नदी, बनास की सहायक है, न कि काली सिंध की।
राजस्थान की एकमात्र बारहमासी नदी कौन-सी है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (वायरमैन) 24.12.2019]
👉 चम्बल नदी राजस्थान की एकमात्र बारहमासी (सदावाहिनी) नदी है, जो सालभर जल से युक्त रहती है।
👉 इसका उद्गम मध्यप्रदेश के जनापाव पहाड़ी से होता है और यह राजस्थान में लगभग 135 किमी तक बहती है।
👉 अन्य नदियाँ जैसे बनास, लूनी, बाणगंगा आदि मौसमी होती हैं।
निम्नलिखित में से कौनसी नदी उत्तर से दक्षिण की ओर बहती है?
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड -II 11.09.2022]
👉 घग्गर नदी का उद्गम हिमालय की शिवालिक पहाड़ियों से होता है और यह हरियाणा से होती हुई राजस्थान के हनुमानगढ़ और गंगानगर जिलों में प्रवेश करती है।
👉 इसका प्रवाह उत्तर से दक्षिण की ओर होता है और आगे चलकर यह पाकिस्तान की ओर फैल जाती है।
👉 यह एक मृत नदी (Dead River) मानी जाती है जो केवल वर्षा काल में बहती है।
👉 स्थानीय भाषा में इसके तल को ‘नाली’ कहा जाता है।
राजस्थान की किस नदी को रुण्डित नदी कहा जाता है ?
JEN (विद्युत/यांत्रिक, डिप्लोमा) 20.05.2022
👉 बाणगंगा नदी का जल पहले यमुना नदी तक पहुँचता था, लेकिन अब यह भरतपुर जिले के क्षेत्र में ही फैल जाता है।
👉 इस कारण इसे 'रुण्डित नदी' कहा जाता है, जिसका अर्थ है — अपना प्रवाह मार्ग पूर्ण नहीं कर पाने वाली नदी।
👉 इसका उद्गम जयपुर जिले की बैराठ पहाड़ियों से होता है और यह लगभग 380 कि.मी. बहती है।
👉 यह एक आंतरिक प्रवाह प्रणाली वाली नदी है।
भीमलत जलप्रपात अवस्थित है :-
[कनिष्ठ अनुदेशक (कार्यशाला) 10.09.2022]
👉 भीमलत जलप्रपात का निर्माण मांगली नदी पर होता है, जो बूंदी जिले में स्थित है।
👉 यह राजस्थान के तीन प्रमुख जलप्रपातों में से एक है — चूलिया (चित्तौड़गढ़), मेनाल (मेनाल नदी) और भीमलत (मांगली नदी)।
👉 यह जलप्रपात वर्षा ऋतु में आकर्षक रूप लेता है और पर्यटक स्थल के रूप में प्रसिद्ध है।
निम्न में से कौन सा राज्य नर्मदा बेसिन का हिस्सा नहीं है ?
[स्टेनोग्राफर परीक्षा 21.03.2021]
👉 राजस्थान से होकर नर्मदा नदी प्रवाहित नहीं होती, इसलिए यह राज्य नर्मदा बेसिन का हिस्सा नहीं है।
👉 राजस्थान की प्रमुख नदियाँ जैसे चम्बल, बनास, माही, लूनी, साबरमती आदि यहाँ के जल तंत्र में आती हैं।
निम्न में से कौन सी नदी अजमेर जिले में प्रवाहित नहीं होती हैं ?
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिप्लोमा) 26.12.2020]
👉 मांसी नदी, बनास नदी की सहायक है, लेकिन इसका प्रवाह अजमेर जिले में नहीं होता।
👉 खारी नदी बनास में अजमेर जिले के देवली के पास मिलती है।
👉 अजमेर जिले से लीलड़ी और खारी जैसी नदियाँ होकर गुजरती हैं।
👉 अतः मांसी नदी अजमेर जिले में प्रवाहित नहीं होती।
वापणी (बामणी) किस नदी की सहायक नदी है ?
[शारीरिक शिक्षा अध्यापक 25.09.2022]
👉 वापणी (ब्राह्मणी) नदी का उद्गम चित्तौड़गढ़ जिले के हरिपुरा गाँव के पास होता है।
👉 यह नदी आगे चलकर भैंसरोड़गढ़ के निकट चम्बल नदी में मिलती है।
👉 यह चम्बल की एक सहायक नदी है, जो मुख्यतः वर्षा जल पर निर्भर है।
👉 यह प्रवाह मार्ग राजस्थान के दक्षिणी-पूर्वी क्षेत्र में आता है।
अरब सागर की ओर प्रवाहित होने वाली नदियों का चयन कीजिए
[कनिप्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रोनिक्स) 23.12.2019]
👉 साबरमती, माही और लूनी — ये तीनों नदियाँ अरब सागर की ओर प्रवाहित होती हैं।
👉 इनमें से माही और साबरमती सीधे खम्भात की खाड़ी में गिरती हैं, जबकि लूनी कच्छ के रन में समाहित हो जाती है।
👉 जबकि सोम नदी, माही की सहायक है, इसलिए वह भी अंततः अरब सागर में ही मिलती है, परंतु स्वतंत्र नदी नहीं है।
वह नदी जो 'वन की आशा' के नाम से जानी जाती है ?
[REET मुख्य परीक्षा (L -2) 26.02.2023]
👉 बनास नदी को 'वन की आशा' कहा जाता है क्योंकि यह सम्पूर्ण रूप से राजस्थान में बहती है और कई जिलों की जीवनरेखा है।
👉 इसका उद्गम अरावली की खमनोर पहाड़ियों से होता है और यह नाथद्वारा, राजसमंद, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा होते हुए चम्बल में मिलती है।
👉 इसकी कुल लम्बाई लगभग 480 किमी है और यह ग्रीष्मकाल में सूख जाती है।
👉 इसकी प्रमुख सहायक नदियाँ हैं — बेड़च, कोठारी, खारी, मोरेल आदि।
कवास (बाड़मेर) में बाढ़ का पानी किस नदी से निकाला गया?
[JEN (कृषि) 10.09.2022]
👉 कवास (बाड़मेर) क्षेत्र में वर्षा के दौरान आई बाढ़ का पानी मुख्यतः लूनी नदी से संबंधित होता है।
👉 लूनी नदी पश्चिमी राजस्थान की सबसे प्रमुख नदी है, जो अजमेर के नाग पहाड़ से निकलकर बाड़मेर, जालौर आदि जिलों में बहती है।
👉 वर्षा काल में इसका प्रवाह तेज़ होता है और कई बार क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति बन जाती है।
👉 बाढ़ का पानी अक्सर रेत या ढलानों के कारण आसपास फैल जाता है।
राजस्थान के निम्नलिखित जिलों में से किसमें, 'द्रव्यवती नदी' जल प्रदूषण से सम्बन्धित समस्याओं का सामना कर रही है ?
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिप्लोमा) 26.12.2020]
👉 द्रव्यवती नदी (अमानीशाह नाला) का उद्गम स्थल जयपुर जिले में आमेर की पहाड़ियों (नाहरगढ़ किले की तलहटी में जैसल्या गांव) के पास स्थित है。 यह लगभग 47.5 किलोमीटर लंबी नदी है जो जयपुर से होकर बहती है और अंत में धुंड नदी में मिल जाती है。द्रव्यवती नदी के बारे में कुछ मुख्य बिंदु:स्थानीय नाम: इसे पहले 'अमानीशाह नाला' के नाम से भी जाना जाता था。पुनरुद्धार परियोजना: कभी प्रदूषित नाले में बदल चुकी इस नदी का जीर्णोद्धार (Rejuvenation) कर इसे एक सुंदर रिवर फ्रंट के रूप में विकसित किया गया
निम्नांकित में से कौन सी नदी राजस्थान के पूर्वी मैदान में प्रवाहित नहीं होती है ?
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिप्लोमा) 26.12.2020]
👉 काकनी नदी राजस्थान के पश्चिमी रेगिस्तानी भाग में जैसलमेर के पास कोटड़ी गाँव से निकलती है।
👉 यह कुछ दूरी तक बहकर रेतीली भूमि में विलीन हो जाती है।
👉 जबकि मोरेल, बाणगंगा और ढूंढ नदियाँ पूर्वी मैदानों में प्रवाहित होती हैं।
👉 अतः काकनी नदी पूर्वी मैदान में प्रवाहित नहीं होती।
राजस्थान में जल द्वारा अपरदन सबसे अधिक किस नदी से होता है
[कनिष्ठ अनुदेशक (वेल्डर) 26.03.2019]
👉 चम्बल नदी के किनारे सवाई माधोपुर और धौलपुर जिलों में अत्यधिक जल अपरदन होता है।
👉 इस कारण यहाँ की भूमि पर गहरी खाइयाँ और बीहड़ बन गए हैं।
👉 यही वजह है कि राजस्थान में जल द्वारा सर्वाधिक अपरदन चम्बल नदी से होता है।
निम्नांकित में से कौन - सी लूनी नदी की सहायक नदी अरावली पहाड़ियों से उद्गमित नहीं होती है ?
[CET (10+2 चतुर्थ चरण) 05.02.2023]
👉 लूनी नदी की अधिकांश सहायक नदियाँ जैसे लीलड़ी, मीठड़ी, सुखड़ी, बाड़ी, सागी आदि अरावली पहाड़ियों से निकलती हैं।
👉 जोजरी नदी अरावली से उद्गमित नहीं होती।
👉 यह नदी लूनी की सहायक होते हुए भी अरावली की पहाड़ियों से नहीं निकलती, इसलिए यह अपवाद है।
👉 लूनी नदी का मुख्य प्रवाह नाग पहाड़ (अजमेर) से आरम्भ होकर कच्छ के रण में जाकर समाप्त होता है।
जाखम, माही तथा एरू तीनों नदियाँ राजस्थान के निम्नलिखित में से किस जिले का निरूपण करती हैं ?
[आर्थिक अन्वेषक परीक्षा 25.03.2019]
👉 जाखम, माही और एरू — ये तीनों नदियाँ राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले से संबंधित हैं।
👉 इन नदियों का प्रवाह क्षेत्र मुख्यतः प्रतापगढ़ और उसके आसपास के दक्षिणी जिले हैं।
👉 इनमें से जाखम और एरू, माही की सहायक नदियाँ हैं।
निम्न में से कौन सी नदी बारां जिले में प्रवाहित नहीं होती है ?
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -A) 11.12.2022]
👉 कुराल नदी (Kural River) का मुख्य संबंध बूंदी जिले से है。यह हाड़ौती क्षेत्र की एक महत्वपूर्ण छोटी नदी है जो बूंदी के पहाड़ी क्षेत्रों से निकलती है और अंत में चंबल नदी में मिल जाती है。
'छप्पन मैदान' का संबंध निम्नलिखित में से किस नदी से है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (प्रलेख) 22 .09.2019]
👉 'छप्पन मैदान' का संबंध माही नदी से है, जो राजस्थान के डूंगरपुर और बाँसवाड़ा जिलों में प्रवाहित होती है।
👉 यह क्षेत्र पठारी और ढलवां स्वरूप वाला है और माही यहाँ का मुख्य जल स्रोत है।
👉 माही नदी पर माही बजाज सागर बाँध भी स्थित है।
निम्न में से राजस्थान की कौनसी नदी जैसलमेर बेसिन में नहीं गिरती ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (अस्त्रक्षेप) 21.09.2019]
👉 लीलड़ी नदी, अजमेर के जवाजा के पास से निकलकर पाली जिले में लूनी में मिलती है, जो अंततः जैसलमेर बेसिन (कच्छ के रन) में जाती है।
👉 सूकड़ी और घूघरी दोनों भी लूनी की सहायक नदियाँ हैं और उनका जल जैसलमेर क्षेत्र की ओर प्रवाहित होता है।