निम्न में से कौन सी बहुउद्देश्यीय परियोजना राजस्थान, गुजरात और मध्य प्रदेश का संयुक्त उपक्रम है ?
[प्रयोगशाला सहायक (गृह विज्ञान) 30.06.2022]
👉 नर्मदा नदी परियोजना एक संयुक्त बहुउद्देश्यीय परियोजना है, जिसमें राजस्थान, गुजरात और मध्य प्रदेश तीनों राज्यों की सहभागिता है।
👉 इसके अंतर्गत सरदार सरोवर बाँध से निकाली गई नहर से जालौर और बाड़मेर जिलों को सिंचाई और पेयजल आपूर्ति होती है।
सही उत्तर है – नर्मदा नदी परियोजना
निम्नलिखित (सिंचाई परियोजना - जिला / जिले) में से कौनसा सुमेलित नहीं है ?
JEN (सिविल डिप्लोमाधारक) 18.05.2022
👉 सोम – कमला – अम्बा परियोजना – डूंगरपुर में स्थित है।
👉 नोहर – सिद्धमुख परियोजना – हनुमानगढ़ और चुरू जिलों से संबंधित है।
👉 सावन – भादों परियोजना – कोटा जिले में है।
👉 जबकि सोम – कागदर परियोजना का स्थान उदयपुर है, राजसमन्द नहीं
✍️ सही उत्तर है – सोम कागदर – राजसमन्द
पार्वती सिंचाई परियोजना निम्नलिखित जिलों में से किस के लिए लाभप्रद है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (विष) 14.09.2019]
👉 पार्वती सिंचाई परियोजना का संबंध धौलपुर जिले से है।
👉 यह परियोजना राम जलसेतु (ERCP) योजना से भी जुड़ी हुई है, जिसके तहत धौलपुर सहित कई पूर्वी जिलों को सिंचाई एवं पेयजल की सुविधा दी जानी है।
👉 यह परियोजना पार्वती, कालीसिंध और चम्बल नदियों को जोड़ने वाली प्रमुख योजना का हिस्सा है।
✍️ सही उत्तर है – धौलपुर
निम्न में से कौन सी परियोजना मध्य-प्रदेश, गुजरात एवं राजस्थान राज्यों के मध्य का एक संयुक्त उपक्रम है ?
[JEN (यांत्रिक) (डिप्लोमाधारक) 13.12.2020]
👉 नर्मदा नदी परियोजना एक संयुक्त उपक्रम है जिसमें मध्य प्रदेश, गुजरात और राजस्थान – तीनों राज्य शामिल हैं।
👉 यह परियोजना सरदार सरोवर बाँध से जुड़ी है, जिससे जालौर और बाड़मेर जिलों को सिंचाई और पेयजल की सुविधा प्राप्त होती है।
✍️ सही उत्तर है – नर्मदा नदी परियोजना
सिंचाई योजना निम्न में से किसका विवरण देती है ?
1. फसल में कितना पानी देना है।
2. फसल में पानी देने की आवश्यकता कब है ।
3. पानी का स्रोत
नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर का चयन कीजिए :
[कृषि पर्यवेक्षक परीक्षा 04.02.2024]
👉 सिंचाई योजना से आशय होता है — फसल को कब और कितना पानी देना है, जिससे जल का अधिकतम और समयानुकूल उपयोग हो सके।
👉 जहाँ कम पानी में अधिक सिंचाई, नमी संरक्षण, और उचित समय पर पानी देने की बात की गई है।
👉 लेकिन जल का स्रोत (3) बताना सिंचाई योजना का हिस्सा नहीं, बल्कि जल संसाधन प्रबंधन का भाग है।
निम्नलिखित में से कौन हनुमानगढ़ व चुरू जिलों के लिए जल का स्रोत है ?
[प्रयोगशाला सहायक 03.02.2019]
👉 चौधरी कुम्भाराम आर्य लिफ्ट नहर, जिसे नोहर-साहवा लिफ्ट नहर भी कहा जाता है,
👉 यह हनुमानगढ़ और चुरू जिलों के लिए महत्त्वपूर्ण जल स्रोत है।
👉 इसका निर्माण इंदिरा गांधी नहर परियोजना के अंतर्गत किया गया है।
✍️ सही उत्तर है – चौधरी कुम्भाराम लिफ्ट नहर
राजस्थान में सोम कागदार सिंचाई परियोजना कहाँ स्थित है?
[वनरक्षक (प्रथम चरण) 12.11.2022]
👉 सोम कागदर सिंचाई परियोजना का निर्माण उदयपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की महत्त्वपूर्ण मध्यम श्रेणी सिंचाई योजनाओं में से एक है।
👉 इससे क्षेत्रीय सिंचाई सुविधा में विस्तार हुआ है।
'जाखम सिंचाई परियोजना' राजस्थान के कौन से जिले में स्थित है ?
[वनपाल परीक्षा 06.11.2022]
👉 जाखम सिंचाई परियोजना का निर्माण प्रतापगढ़ जिले में अनूपपुरा गाँव के पास किया गया है।
👉 यह परियोजना चित्तौड़गढ़ क्षेत्र को सिंचाई सुविधा प्रदान करती है और 4.5 मेगावाट विद्युत उत्पादन भी करती है।
👉 इसका निर्माण विशेष डिजाइन के आधार पर किया गया है।
सोम-कागदर सिंचाई परियोजना किस जिले में स्थित है?
JEN (विद्युत/यांत्रिक, डिप्लोमा) 20.05.2022
👉 सोम-कागदर सिंचाई परियोजना का निर्माण उदयपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है और इससे क्षेत्रीय सिंचाई सुविधा का विस्तार हुआ है।
✍️ सही उत्तर है – उदयपुर
'जाखम बहुउद्देशीय परियोजना' राजस्थान के कौन से जिले में अवस्थित है ?
[प्रयोगशाला सहायक (गृह विज्ञान) 30.06.2022]
👉 जाखम बहुउद्देशीय परियोजना का निर्माण प्रतापगढ़ जिले के अनूपपुरा गाँव के पास किया गया है।
👉 यह परियोजना सिंचाई के साथ-साथ 4.5 मेगावाट विद्युत उत्पादन भी करती है।
👉 इसकी नहरें दक्षिणी चित्तौड़गढ़ क्षेत्र को सिंचाई जल उपलब्ध कराती हैं।
सही उत्तर है – प्रतापगढ़
प्रथम चरण में कौन सा जिला इंदिरा गाँधी नहर परियोजना का हिस्सा नहीं था ?
[लिपिक ग्रेड -II (LDC) 11.08.2024]
👉 इंदिरा गाँधी नहर परियोजना के प्रथम चरण में राजस्थान फीडर (204 कि.मी.) और मुख्य नहर (189 कि.मी.) का निर्माण कर 5.81 लाख हैक्टेयर भूमि में सिंचाई का लक्ष्य रखा गया था।
निम्नलिखित सिंचाई परियोजनाओं को जिलों के साथ मिलाइए और नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर अपने उत्तर का चयन कीजिए
परियोजना जिला
(a) बांकली बाँध (i) प्रतापगढ़
(b) सोम - कमला अम्बा (ii) सवाई माधोपुर
(c) मोरेल बाँध (iii) जालौर
(d) जाखम बाँध (iv) डूंगरपुर
[JEN (सिविल) (डिग्रीधारक) 12.09.2021]
Codes / कूट :
(a) (b) (c) (d)
👉 (a) बांकली बाँध – जालौर जिले में स्थित है।
👉 (b) सोम–कमला–अम्बा परियोजना – डूंगरपुर जिले से संबंधित है।
👉 (c) मोरेल बाँध – सवाई माधोपुर जिले में स्थित है।
👉 (d) जाखम बाँध – प्रतापगढ़ जिले में अवस्थित है।
निम्नलिखित में से कौन (सिंचाई परियोजना - स्थान (जिला)) सुमेलित नहीं है?
[CET (स्नातक) (चरण -IV) 08.01.2023]
👉 इंदिरा लिफ्ट सिंचाई परियोजना का संबंध सवाई माधोपुर जिले से है, न कि गंगानगर से।
👉 अन्य सभी सुमेलित युग्म —
बांकली – जालौर,
बैंथली – बारां,
भीमलत – बूंदी — सही हैं।
👉 अतः ग़लत सुमेलित युग्म है: इंदिरा लिफ्ट – गंगानगर।
'राजस्थान का धान्यागार' कहा जाने वाला क्षेत्र सिंचाई के लिए पानी कहाँ से लेता है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (वेल्डर) 26.03.2019]
👉 'राजस्थान का धान्यागार' कहे जाने वाला क्षेत्र श्रीगंगानगर व हनुमानगढ़ है।
👉 यह क्षेत्र सिंचाई के लिए जल गंग नहर से प्राप्त करता है।
👉 गंग नहर का निर्माण 1927 में बीकानेर के महाराजा गंगासिंह ने करवाया था।
✍️ सही उत्तर है – गंग नहर
पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना (ERCP) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन से कथन सही हैं?
(i) यह परियोजना पूर्वी राजस्थान के 13 जिलों के पेयजल समस्या के स्थायी समाधान के लिए बनायी गयी है।
(ii) इसमें 26 विभिन्न बड़ी एवं मध्यम परियोजनाओं के माध्यम से 2.8 लाख हेक्टेयर भूमि की सिंचाई हेतु जल उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है।
(iii) नवनेरा बैराज इस परियोजना का अभिन्न हिस्सा है ।
(iv) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने हाल ही में इस परियोजना को राष्ट्रीय परियोजना घोषित किया है ।
VDO Pre. (चतुर्थ चरण) 28.12.2021
कूट-
👉 (i) सही है – यह परियोजना पूर्वी राजस्थान के 13 जिलों की पेयजल समस्या के स्थायी समाधान हेतु बनाई गई है।
👉 (ii) सही है – इसमें 26 बड़ी एवं मध्यम परियोजनाओं के माध्यम से 2.8 लाख हेक्टेयर भूमि में सिंचाई प्रस्तावित है।
👉 (iii) सही है – नवनेरा बैराज इस परियोजना का महत्त्वपूर्ण हिस्सा है।
👉 (iv) गलत है – इस परियोजना को राष्ट्रीय परियोजना घोषित नहीं की गई है।
वर्तमान नाम राम जलसेतु परियोजना है इस परियोजना से राजस्थान और मध्यप्रदेश में 5.60 लाख हेक्टेयर सिंचाई का पानी मिल सकेगा
✍️ सही उत्तर है – (i), (ii) और (iii)
'सोम-कमला-अम्बा' सिंचाई परियोजना स्थित है ?
[प्रयोगशाला सहायक 03.02.2019]
👉 'सोम–कमला–अम्बा' सिंचाई परियोजना का निर्माण डूंगरपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है और क्षेत्रीय सिंचाई सुविधा को सुदृढ़ करती है।
✍️ सही उत्तर है – डूंगरपुर में
पीललड़ा लिफ्ट सिंचाई योजना अवस्थित है
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (भौतिक) 21.09.2019]
👉 पीललड़ा लिफ्ट सिंचाई योजना का निर्माण सवाई माधोपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की अन्य महत्त्वपूर्ण लघु व मध्यम सिंचाई योजनाओं में सम्मिलित है।
✍️ सही उत्तर है – सवाई माधोपुर में
सोम - कागदर सिंचाई परियोजना ___ जिले में स्थित है ।
[कनिप्ठ अनुदेशक (रेफ्रीजरेशन) 24.12.2019]
👉 सोम–कागदर सिंचाई परियोजना का निर्माण उदयपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की प्रस्तावित मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में से एक है।
👉 इसका उद्देश्य क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का विकास करना है।
✍️ सही उत्तर है – उदयपुर
नर्मदा नहर परियोजना से लाभान्वित राजस्थान के जिले हैं
[फायरमैन परीक्षा 29.01.2022]
👉 नर्मदा नहर परियोजना से राजस्थान के जालौर और बाड़मेर जिलों को सिंचाई और पेयजल सुविधा मिलती है।
👉 यह नहर सरदार सरोवर बाँध से निकलती है और सीलू गाँव (जालौर) से राजस्थान में प्रवेश करती है।
👉 इससे लगभग 2.46 लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित होती है।
✍️ सही उत्तर है – जालौर – बाड़मेर
'गंगनहर ' जिसे महाराजा गंगासिंह ने बनवायी थी, किस वर्ष बनवायी गयी थी ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (प्रलेख) 22 .09.2019]
👉 गंगनहर का निर्माण बीकानेर के महाराजा गंगासिंह द्वारा कराया गया था।
👉 यह राजस्थान की प्रथम वृहद सिंचाई परियोजना है, जिससे मरुस्थलीय क्षेत्र को हरा-भरा बनाया गया।
👉 इस नहर का निर्माण कार्य सन् 1927 में पूर्ण हुआ था।
✍️ सही उत्तर है – 1927
निम्न में से कौन इंदिरा गांधी नहर परियोजना का प्रस्तावित लाभार्थी जिला नहीं है?
[CET (स्नातक) (चरण -I) 07.01.2023]
👉 इंदिरा गांधी नहर परियोजना से लाभान्वित जिलों में शामिल हैं — हनुमानगढ़, गंगानगर, बीकानेर, जैसलमेर, और सीमित रूप से बाड़मेर व चूरू।
👉 पाली, सीकर और नागौर इस परियोजना के लाभार्थी जिलों में शामिल नहीं हैं।
👉 जबकि जोधपुर को पेयजल आपूर्ति हेतु आंशिक रूप से लाभ मिलता है।
👉 अतः सभी विकल्पों में से पाली इस परियोजना का प्रस्तावित लाभार्थी जिला नहीं है।
विलास सिंचाई परियोजना का सम्बन्ध निम्नलिखित में से किस से है ? [*]
[कनिष्ठ अनुदेशक (कोपा) 24.03.2019]
📌 महत्वपूर्ण सूचना: इस प्रश्न को बोर्ड द्वारा 'डिलीट' या अमान्य घोषित किया गया है।
राजस्थान में नर्मदा नहर की लम्बाई_________किमी है।
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 28.06.2022]
👉 नर्मदा नहर की कुल लम्बाई 532 किमी है, जिसमें से 74 किमी राजस्थान में स्थित है।
👉 यह नहर जालौर जिले के सीलू गाँव से राजस्थान में प्रवेश करती है।
👉 इससे जालौर और बाड़मेर जिलों में सिंचाई सुविधा प्राप्त होती है।
✍️ सही उत्तर है – 74 किमी
इंदिरा गांधी नहर का उद्गम किस बांध से होता है?
JEN (विद्युत/यांत्रिक, डिग्री) 20.05.2022
👉 इंदिरा गांधी नहर का उद्गम हरीके बैराज से होता है, जो सतलज और ब्यास नदियों के संगम पर स्थित है।
👉 यही से राजस्थान फीडर (204 किमी) और आगे मुख्य नहर निकाली गई है।
✍️ सही उत्तर है – हरीके बांध
इन्दिरा गाँधी मुख्य नहर ______ तक विस्तृत की गई है।
[कनिप्ठ अनुदेशक (मैकेनिक) 23.12.2019]
👉 इंदिरा गांधी मुख्य नहर का विस्तार कर के इसे बाड़मेर जिले के गडरा रोड़ तक पहुँचाया गया है।
'सावन-भादों सिंचाई परियोजना' राजस्थान के कौनसे जिले में स्थित है
[कनिप्ठ अनुदेशक (रेफ्रीजरेशन) 24.12.2019]
👉 सावन-भादों सिंचाई परियोजना का निर्माण कोटा जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की प्रस्तावित मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है।
👉 इसका उद्देश्य क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का विस्तार करना है।
✍️ सही उत्तर है – कोटा
राजस्थान फीडर नहर राजस्थान में ____ जिले में प्रवेश करती है।
[लवण निरीक्षक (उद्योग) 22.12.2019]
👉 राजस्थान फीडर नहर (इंदिरा गांधी नहर का पहला भाग) पंजाब व हरियाणा से होकर राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में प्रवेश करती है।
👉 इसकी कुल लम्बाई 204 किमी है, जिसमें 35 किमी भाग राजस्थान में है।
✍️ सही उत्तर है – हनुमानगढ़
झालावाड़ जिले में कौन सी परियोजना का निर्माण नहीं किया गया है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रिशियन) 24.03.2019]
👉 भीम सागर, छापी, और हरिश्चन्द्र सागर – तीनों परियोजनाएँ झालावाड़ जिले में स्थित हैं।
👉 जबकि सावन-भादो परियोजना का निर्माण कोटा जिले में किया गया है।
👉 अतः यह परियोजना झालावाड़ में नहीं बनाई गई है।
✍️ सही उत्तर है – सावन-भादो परियोजना
निम्नांकित में से किन्हें परवन बृहद् परियोजना से सिंचाई सुविधा मिलेगी?
[CET (स्नातक) (चरण -III) 08.01.2023]
👉 परवन वृहद सिंचाई एवं पेयजल योजना से झालावाड़, बारां और कोटा जिलों को सिंचाई सुविधा प्रदान की जाएगी।
👉 इस योजना से इन जिलों की 131400 हैक्टेयर भूमि सिंचित होगी।
राजस्थान के कौन-से जिलों में नर्मदा घाटी परियोजना से जल प्राप्त होता है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (फिटर) 23.03.2019]
👉 नर्मदा घाटी परियोजना से राजस्थान के जालौर और बाड़मेर जिलों को जल प्राप्त होता है।
👉 यह नहर सरदार सरोवर बाँध से निकलती है और सीलू गाँव (जालौर) से राजस्थान में प्रवेश करती है।
👉 इससे लगभग 2.46 लाख हेक्टेयर भूमि में सिंचाई की जाती है।
✍️ सही उत्तर है – जालौर व बाड़मेर
'जाखम' बहुउद्देशीय परियोजना राजस्थान के कौन-से जिले में स्थित है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (वायरमैन) 24.12.2019]
👉 जाखम बहुउद्देशीय परियोजना का निर्माण प्रतापगढ़ जिले के अनूपपुरा गाँव में किया गया है।
👉 यह परियोजना सिंचाई सुविधा के साथ-साथ 4.5 मेगावाट विद्युत उत्पादन भी करती है।
👉 इससे दक्षिणी चित्तौड़गढ़ क्षेत्र में सिंचाई जल उपलब्ध कराया जाता है।
✍️ सही उत्तर है – प्रतापगढ़
कौन से जिले गजनेर लिफ्ट नहर से लाभांवित होते हैं ?
JEN (सिविल डिप्लोमाधारक) 18.05.2022
👉 गजनेर लिफ्ट नहर, जिसे पन्नालाल बारूपाल लिफ्ट नहर भी कहा जाता है, से बीकानेर और नागौर जिलों को पेयजल एवं सिंचाई जल उपलब्ध कराया जाता है।
👉 यह इंदिरा गांधी नहर परियोजना के अंतर्गत प्रमुख लिफ्ट नहरों में से एक है।
✍️ सही उत्तर है – बीकानेर – नागौर
कंवर सेन द्वारा राजस्थान नहर की शुरूआत की गई, वर्ष -
[REET मुख्य परीक्षा (L -1) 25.02.2023]
👉 तत्कालीन बीकानेर राज्य के इंजीनियर कंवरसेन ने वर्ष 1948 में राजस्थान नहर (वर्तमान इंदिरा गाँधी नहर) का प्रारम्भिक विचार प्रस्तुत किया था।
👉 उन्होंने अपनी रिपोर्ट में सतलज नदी पर 'हरीके बैराज' से सिंचाई की योजना का सुझाव दिया।
👉 इसी प्रस्तावना के आधार पर आगे चलकर इंदिरा गाँधी नहर परियोजना का निर्माण हुआ।
निम्नलिखित को मिलाएं
परियोजना स्थान
(a) सिद्धमुख परियोजना (i) जालौर और बाड़मेर
(b) नर्मदा परियोजना (ii) पाली
(c) जवाई परियोजना (iii) प्रतापगढ़
(d) जाखम परियोजना (iv) हनुमानगढ़ - चूरू
[वनरक्षक (प्रथम चरण) 12.11.2022]
कूट -
👉 (a) सिद्धमुख परियोजना — हनुमानगढ़ - चूरू जिलों में स्थित है।
👉 (b) नर्मदा परियोजना — जालौर और बाड़मेर जिलों को सिंचाई जल प्रदान करती है।
👉 (c) जवाई परियोजना — पाली जिले में स्थित है।
👉 (d) जाखम परियोजना — प्रतापगढ़ जिले में निर्मित है।
भाखड़ा नांगल नहर परियोजना ________ के बीच संयुक्त परियोजना है।
पशुधन सहायक (LSA) 04.06.2022
👉 भाखड़ा नांगल नहर परियोजना एक संयुक्त परियोजना है जिसमें राजस्थान, पंजाब और हरियाणा शामिल हैं।
👉 यह परियोजना सतलज नदी पर आधारित है और इससे हनुमानगढ़ जिले को सिंचाई सुविधा मिलती है।
👉 राजस्थान का इस परियोजना में 15.2% हिस्सा है।
✍️ सही उत्तर है – राजस्थान, पंजाब, हरियाणा
सिद्धमुख- नौहर सिंचाई परियोजना को _____ नदियों का अतिरिक्त पानी प्राप्त होता है ।
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिप्लोमा) 26.12.2020]
👉 सिद्धमुख–नोहर सिंचाई परियोजना को रावी और ब्यास नदियों का अतिरिक्त पानी प्राप्त होता है।
👉 यह योजना हनुमानगढ़ और चुरू जिलों को सिंचाई सुविधा प्रदान करती है।
👉 यह इंदिरा गांधी नहर प्रणाली से पृथक रूप से संचालित एक महत्त्वपूर्ण परियोजना है।
✍️ सही उत्तर है – रावी – ब्यास
छापी सिंचाई परियोजना अवस्थित है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (सीरम) 15.09.2019]
👉 छापी सिंचाई परियोजना का निर्माण झालावाड़ जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की प्रस्तावित मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है।
👉 इससे क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का विस्तार किया गया है।
✍️ सही उत्तर है – झालावाड़ में
निम्न में से किस स्थान पर इंदिरा गांधी नहर परियोजना से पेयजल नहीं पहुँचाया जाता है ?
[JEN (यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 13.12.2020]
👉 इंदिरा गांधी नहर परियोजना से बीकानेर, जोधपुर और बाड़मेर शहरों में पेयजल आपूर्ति की जाती है।
👉 जबकि पाली का नाम इस परियोजना से पेयजल पाने वाले स्थानों में नहीं आता।
✍️ सही उत्तर है – पाली
'नर्मदा परियोजना' से राजस्थान का सर्वाधिक लाभांवित जिला है ?
[हाथकरघा निरीक्षक (उद्योग) 22.12.2019]
👉 नर्मदा परियोजना से राजस्थान के जालौर और बाड़मेर जिलों को सिंचाई एवं पेयजल का लाभ मिलता है।
👉 इन दोनों में से बाड़मेर जिला इस परियोजना से सर्वाधिक लाभांवित है।
👉 यह नहर सरदार सरोवर बाँध से निकलती है और सीलू गाँव (जालौर) से राजस्थान में प्रवेश करती है।
✍️ सही उत्तर है – बाड़मेर
बेथली लघु सिंचाई परियोजना अवस्थित है
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 26.12.2020]
👉 बेथली लघु सिंचाई परियोजना का निर्माण बारां जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की प्रस्तावित लघु एवं मध्यम सिंचाई योजनाओं में शामिल है।
✍️ सही उत्तर है – बारां में
निम्नलिखित का मिलान कीजिए
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड -II 11.09.2022]
सूची-I (सिंचाई परियोजना) सूची -II ( जिला)
(a) ताकली (i) झालावाड़
(b) पीपलाड (ii) कोटा
(c) ल्हासी (iii) बारां
(d) सुकली (iv) सिरोही
कूट -
👉 (a) ताकली परियोजना – कोटा जिले में स्थित है।
👉 (b) पीपलाड परियोजना – झालावाड़ जिले में है।
👉 (c) ल्हासी परियोजना – बारां जिले में स्थित है।
👉 (d) सुकली परियोजना – सिरोही जिले से संबंधित है।
निम्नलिखित में से कौन सा युग्म सही सुमेलित नहीं है ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 29.06.2022]
लिफ्ट नहर - लाभान्वित जिले
👉 पन्नालाल बारूपाल लिफ्ट नहर – गजनेर क्षेत्र से जुड़ी है, लाभान्वित जिला बीकानेर, नागौर है।
👉 वीर तेजाजी लिफ्ट नहर – बाँगड़सर क्षेत्र से संबंधित है और लाभान्वित जिला बीकानेर है
👉 डॉ. करणी सिंह लिफ्ट नहर – कोलायत क्षेत्र से जुड़ी है, लाभान्वित जिला बीकानेर है, हनुमानगढ़ नहीं।
✍️ सही उत्तर है – डॉ. करणी सिंह – हनुमानगढ़
बूंदी तहसील के लिए कौन-सी सिंचाई परियोजना निर्मित की गई है ?
[आर्थिक अन्वेषक परीक्षा 25.03.2019]
👉 गुढ़ा सिंचाई परियोजना का निर्माण बूंदी तहसील के लिए किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की महत्त्वपूर्ण लघु एवं मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है।
👉 इससे स्थानीय सिंचाई सुविधा को सुदृढ़ किया गया है।
✍️ सही उत्तर है – गुढा परियोजना
निम्नलिखित में से कौन सा (लिफ्ट नहर - लाभान्वित जिले) सुमेलित नहीं है?
[CET (स्नातक) (चरण -II) 07.01.2023]
👉 कुम्भाराम आर्य लिफ्ट नहर का संबंध नोहर-साहवा क्षेत्र से है, जो हनुमानगढ़ और आसपास के क्षेत्रों को लाभान्वित करती है — जैसलमेर और बाड़मेर नहीं।
👉 अन्य लिफ्ट नहरें —
कुंवरसेन – बीकानेर,
डॉ. करणी – बीकानेर व जोधपुर,
जय नारायण व्यास – जैसलमेर व जोधपुर — सही सुमेलित हैं।
अतः गलत सुमेलित युग्म है: कुम्भाराम आर्य – जैसलमेर, बाड़मेर।
मानसी बाकल परियोजना से किस शहर को पेयजल उपलब्ध किया जाएगा ?
[JEN (विधुत) (डिप्लोमाघारक) 29.11.2020]
👉 मानसी वाकल परियोजना से उदयपुर शहर को पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।
👉 यह परियोजना महत्त्वपूर्ण जलापूर्ति योजनाओं में शामिल है और झीलों की नगरी उदयपुर के लिए पेयजल स्रोत का कार्य करती है।
✍️ सही उत्तर है – उदयपुर
इंदिरा गांधी नहर परियोजना के अनुसार, कौन से कथन गलत हैं?
(i) इस परियोजना को पहले राजस्थान नहर के रूप में जाना जाता था और 1982 में इसका नाम बदलकर इंदिरा गांधी लिफ्ट नहर परियोजना कर दिया गया।
(ii) इंदिरा गांधी नहर परियोजना में 9 लिफ्ट नहरें हैं ।
(iii) नहर की कल्पना सारदुल सिंह ने की थी ।
(iv) नहर हरियाणा से नहीं गुजरती है।
[VDO मुख्य परीक्षा 09.07.2022]
कोड -
👉 (i) गलत है — यह परियोजना प्रारंभ में राजस्थान नहर के नाम से जानी जाती थी, लेकिन इसका नाम इंदिरा गांधी नहर रखा गया, न कि "लिफ्ट नहर परियोजना", और यह 1982 नहीं बल्कि पहले ही नामित हो चुकी थी। 1984 में राजस्थान नहर का नाम बदलकर इंदिरा गांधी नहर परियोजना किया गया
👉 (ii) गलत है — परियोजना में 7 लिफ्ट नहरें हैं, 9 नहीं।
👉 (iii) गलत है — नहर की कल्पना कंवरसेन ने वर्ष 1948 में की थी, सारदुल सिंह ने नहीं।
👉 (iv) गलत है — नहर का राजस्थान फीडर भाग हरियाणा से होकर गुजरता है (169 किमी)।
निम्नलिखित में से कौनसी लिफ्ट नहर इंदिरा गांधी नहर पर बनाई गयी पहली लिफ्ट नहर थी ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (जैविक) 15.09.2019]
👉 इंदिरा गांधी नहर परियोजना पर बनाई गई पहली लिफ्ट नहर है – कंवरसेन लिफ्ट नहर।
👉 इसे लूणकरनसर-बीकानेर जलोत्थान योजना के रूप में विकसित किया गया था।
👉 इससे बीकानेर जिले में सिंचाई एवं पेयजल दोनों सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाती हैं।
✍️ सही उत्तर है – कंवरसेन
'जाखम बहुउद्देशीय परियोजना' अवस्थित है :
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 26.12.2020]
👉 जाखम बहुउद्देशीय परियोजना का निर्माण प्रतापगढ़ जिले के अनूपपुरा गाँव में किया गया है।
👉 यह परियोजना सिंचाई के साथ-साथ 4.5 मेगावाट विद्युत उत्पादन भी करती है।
👉 इसकी नहरें दक्षिणी चित्तौड़गढ़ क्षेत्र को सिंचाई सुविधा प्रदान करती हैं।
✍️ सही उत्तर है – प्रतापगढ़
राजस्थान के कौन से जिले नर्मदा नहर परियोजना के अन्तर्गत शामिल किए गए हैं ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 29.06.2022]
👉 नर्मदा नहर परियोजना से राजस्थान के जालौर और बाड़मेर जिलों को सिंचाई जल प्राप्त होता है।
👉 यह नहर सरदार सरोवर बाँध से निकलकर सीलू गाँव (जालौर) से राजस्थान में प्रवेश करती है।
👉 इससे लगभग 2.46 लाख हेक्टेयर भूमि में सिंचाई की जाती है।
✍️ सही उत्तर है – जालौर, बाड़मेर
भीखाभाई सागवाड़ा नहर राजस्थान की किस नदी से जल प्राप्त करती है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (रेफ्रीजरेशन) 24.12.2019]
👉 भीखाभाई सागवाड़ा नहर का निर्माण माही नदी पर साइफन के माध्यम से किया गया है।
👉 यह नहर डूंगरपुर जिले के सागवाड़ा क्षेत्र में स्थित है।
👉 इससे लगभग 11,811 हेक्टेयर भूमि में सिंचाई की जाती है।
✍️ सही उत्तर है – माही
भाकड़ा-नागल परियोजना में राजस्थान की कितनी हिस्सेदारी है
[वनरक्षक (द्वितीय चरण -B) 11.12.2022]
👉 भाखड़ा-नांगल परियोजना पंजाब, हरियाणा और राजस्थान की संयुक्त परियोजना है।
👉 इस परियोजना में राजस्थान की हिस्सेदारी 15.2% है।
👉 इसके अंतर्गत राजस्थान को 2.3 लाख हैक्टेयर भूमि की सिंचाई सुविधा और विद्युत आपूर्ति प्राप्त होती है।
निम्नलिखित में से कौन सा युग्म सुमेलित नहीं है
[JEN (विद्युत/यांत्रिक) (डिग्रीधारक) 26.12.2020]
लिफ्ट नहर - लाभान्वित जिले
👉 कोलायत लिफ्ट नहर – बीकानेर, जोधपुर को लाभ देती है।
👉 गजनेर (पन्नालाल बारूपाल) लिफ्ट नहर – बीकानेर और नागौर को जल आपूर्ति करती है।
👉 फलौदी (गुरु जम्भेश्वर) लिफ्ट नहर – जैसलमेर और बीकानेर को लाभ देती है।
👉 बाँगड़सर (वीर तेजाजी) लिफ्ट नहर – बीकानेर, जैसलमेर को लाभ नहीं देती है।
कुएं एवं नलकूपों से सिंचाई करने की दृष्टि से सबसे प्रमुख जिला
[हाथकरघा निरीक्षक (उद्योग) 22.12.2019]
निम्नलिखित में से कौन सा जिला बीसलपुर परियोजना से सीधे लाभ प्राप्त नहीं कर रहा है ?
[अन्वेषक परीक्षा 27.12.2020]
👉 बीसलपुर परियोजना से टोंक, अजमेर, ब्यावर, किशनगढ़, नसीराबाद, केकड़ी, सरवाड़ और जयपुर को पेयजल व सिंचाई दोनों प्रकार की सुविधाएँ मिल रही हैं।
✍️ सही उत्तर है – सवाई माधोपुर
कौन - सा युग्म सही नहीं है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रोनिक्स) 23.12.2019]
👉 कंवर सेन लिफ्ट नहर – बीकानेर को पेयजल उपलब्ध कराती है।
👉 गन्धेली सहवा लिफ्ट नहर – चुरू को पेयजल उपलब्ध कराती है।
👉 राजीव गाँधी लिफ्ट नहर – जैसलमेर नहीं है।
👉 गजनेर लिफ्ट नहर परियोजना – नागौर को पेयजल उपलब्ध कराती है।
राजीव गांधी लिफ्ट नहर का सम्बन्ध जोधपुर से है
✍️ सही उत्तर है – राजीव गाँधी लिफ्ट नहर – जैसलमेर
'भीखाभाई सागवाड़ा नहर' से राजस्थान का सर्वाधिक लाभांवित जिला है
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड - III 19.09.2019]
👉 भीखाभाई सागवाड़ा नहर का निर्माण माही नदी पर किया गया है।
👉 यह नहर डूंगरपुर जिले के सागवाड़ा क्षेत्र में स्थित है।
👉 इससे 11,811 हेक्टेयर भूमि में सिंचाई की सुविधा मिलती है।
✍️ सही उत्तर है – डूंगरपुर
राजस्थान में निम्न में से कौनसा सिंचाई स्रोत, कुल सिंचित क्षेत्र में सर्वाधिक योगदान रखता है ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 28.06.2022]
👉 राजस्थान में कुओं और नलकूपों (ट्यूबवेल) द्वारा सर्वाधिक सिंचाई जयपुर में होती है
निम्नलिखित में से कौन सा (सिंचाई परियोजना जिला) सुमेलित नहीं है ?
[VDO मुख्य परीक्षा 09.07.2022]
👉 बिलास – बारां,
पांचना – करौली,
गरड़दा – बूंदी — सही सुमेलित हैं।
चोली परियोजना झालावाड़ में स्थित है
चम्बल घाटी परियोजना विकसित है।
[कनिप्ठ अनुदेशक (रेफ्रीजरेशन) 24.12.2019]
👉 चम्बल घाटी परियोजना एक संयुक्त बहुउद्देशीय परियोजना है, जो मध्य प्रदेश और राजस्थान राज्यों द्वारा संयुक्त रूप से विकसित की गई है।
👉 इसका उद्देश्य सिंचाई, विद्युत उत्पादन, बाढ़ नियंत्रण, मृदा संरक्षण आदि है।
👉 परियोजना में राजस्थान की 50% भागीदारी है।
✍️ सही उत्तर है – मध्य प्रदेश और राजस्थान
कंवर सेन लिफ्ट नहर _________शहर को पीने का पानी उपलब्ध करा रही है।
पशुधन सहायक (LSA) 04.06.2022
👉 कंवरसेन लिफ्ट नहर (जिसे लूणकरनसर-बीकानेर जलोत्थान नहर भी कहा जाता है) से बीकानेर शहर को पीने का पानी उपलब्ध कराया जा रहा है।
👉 यह इंदिरा गांधी नहर परियोजना के प्रथम चरण में निर्मित प्रमुख लिफ्ट नहरों में से एक है।
✍️ सही उत्तर है – बीकानेर
सेई परियोजना का संबंध है ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 29.06.2022]
👉 सेई परियोजना का संबंध जवाई बाँध से है।
👉 इसका उद्देश्य सेई बाँध के जल को जवाई नदी में प्रवाहित करना है, ताकि जवाई बाँध में जल की मात्रा बढ़ाई जा सके।
👉 इससे पाली नगर में पेयजल और सिंचाई की सुविधा सुदृढ़ होती है।
✍️ सही उत्तर है – जवाई बाँध
राजस्थान में सोम कागदर सिंचाई परियोजना कहाँ स्थित है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (वायरमैन) 24.12.2019]
👉 सोम कागदर सिंचाई परियोजना का निर्माण उदयपुर जिले में किया गया है।
👉 यह राज्य की प्रस्तावित मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है।
👉 परियोजना का उद्देश्य क्षेत्रीय सिंचाई सुविधा का विस्तार करना है।
✍️ सही उत्तर है – उदयपुर
निम्नलिखित में से कौन सा एक सुमेलित नहीं है ?
[प्रयोगशाला सहायक (गृह विज्ञान) 30.06.2022]
सिंचाई परियोजना - लाभांवित जिला
👉 जवाई परियोजना – पाली,
👉 सिद्धमुख परियोजना – चुरू,
👉 बिलास परियोजना – बाराँ — ये सभी सुमेलित सही हैं।
👉 जबकि बाँकली परियोजना का संबंध जालौर–पाली क्षेत्र से है, बीकानेर नहीं।
✍️ सही उत्तर है – बाँकली – बीकानेर
निम्न में से कौन सा सुमेलित नहीं है ?
[वनपाल परीक्षा 06.11.2022]
👉 इन्दिरा गाँधी नहर परियोजना केवल राजस्थान राज्य के लिए है, इसका उत्तर प्रदेश से कोई संबंध नहीं है।
👉 अन्य सभी युग्म —
भाखड़ा-नांगल – राजस्थान, पंजाब, हरियाणा,
चम्बल – राजस्थान और मध्य प्रदेश,
माही बजाज सागर – राजस्थान और गुजरात — सही हैं।
'सोम-कमला- अंबा' सिंचाई परियोजना स्थित है
[JEN (सिविल) (डिप्लोमा धारक) 06.12.2020]
👉 सोम–कमला–अंबा सिंचाई परियोजना का निर्माण डूंगरपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में शामिल है।
👉 इससे डूंगरपुर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का विस्तार किया गया है।
✍️ सही उत्तर है – डूंगरपुर में
'सेई परियोजना' निम्नलिखित में से किस बांध से संबंधित है?
[वनरक्षक (चतुर्थ चरण) 13.11.2022]
👉 सेई परियोजना का संबंध जवाई बाँध से है।
👉 इसका उद्देश्य जवाई बाँध में पानी की कमी को दूर करना है — सेई बाँध के जल को जवाई नदी में प्रवाहित कर जल उपलब्धता बढ़ाई जाती है।
👉 इस परियोजना से पाली जिले में पेयजल व सिंचाई दोनों का लाभ मिलता है।
सूची I के साथ सूची II का मिलान कीजिए:
सूची I (बाँध परियोजना का नाम) सूची II (स्थान)
a. मेजा बाँध परियोजना I. प्रतापगढ़
b. सोम-कमला-अम्बा परियोजना II. सवाई माधोपुर
c. मोरल बाँध परियोजना III. भीलवाड़ा
d. जाखम बाँध परियोजना IV. डूंगरपुर
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए:
[Junior Accountant 11.02.2024]
👉 a. मेजा बाँध परियोजना — भीलवाड़ा जिले में स्थित है।
👉 b. सोम-कमला-अम्बा परियोजना — डूंगरपुर जिले में स्थित है।
👉 c. मोरेल बाँध परियोजना — सवाई माधोपुर जिले से संबंधित है।
👉 d. जाखम बाँध परियोजना — प्रतापगढ़ जिले में स्थित है।
सिद्धमुख नहर द्वारा कौन-से जिलें - युग्म में सिंचाई की जाती है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (कोपा) 24.03.2019]
👉 सिद्धमुख नहर परियोजना से चूरू और हनुमानगढ़ जिलों में सिंचाई की जाती है।
👉 यह परियोजना रावी और ब्यास नदियों के अतिरिक्त जल पर आधारित है।
👉 यह योजना इंदिरा गांधी नहर प्रणाली से पृथक रूप में संचालित होती है।
✍️ सही उत्तर है – चूरु तथा हनुमानगढ़
जाखम सिंचाई परियोजना राजस्थान के किन जिलों को सिंचाई सुविधा प्रदान करती है ?
[वनपाल परीक्षा 06.11.2022]
👉 जाखम सिंचाई परियोजना का निर्माण प्रतापगढ़ जिले में हुआ है।
👉 इससे दक्षिणी चित्तौड़गढ़ क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जाती है।
👉 अतः यह परियोजना उदयपुर, चित्तौड़गढ़ और प्रतापगढ़ जिलों को सिंचाई जल प्रदान करती है।
इंदिरा गाँधी मुख्य नहर की लम्बाई है।
[कनिप्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रोनिक्स) 23.12.2019]
👉 इंदिरा गांधी मुख्य नहर की कुल लम्बाई प्रारम्भ में 445 किमी निर्धारित थी,
👉 लेकिन इसका विस्तार कर इसे 649 किमी तक कर दिया गया है।
👉 यह नहर हरीके बैराज से शुरू होकर बाड़मेर जिले तक पहुँचती है।
निम्नलिखित में से कौनसा एक सही सुमेलित नहीं है ?
[लवण निरीक्षक (उद्योग) 22.12.2019]
👉 बीसलपुर परियोजना – टोंक
👉 मेजा बाँध परियोजना – भीलवाड़ा
👉 छापी परियोजना – झालावाड़
👉 जबकि सोम–कमला–अम्बा परियोजना का संबंध डूंगरपुर जिले से है, बांसवाड़ा नहीं।
✍️ सही उत्तर है – सोम–कमला–अम्बा परियोजना – बांसवाड़ा
कोलायत लिफ्ट नहर का नया नाम क्या है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (कोपा) 24.03.2019]
👉 कोलायत लिफ्ट नहर का नया नाम है – डॉ. करणी सिंह लिफ्ट नहर।
👉 यह नहर इंदिरा गांधी नहर परियोजना के अंतर्गत आती है और बीकानेर जिले को लाभ प्रदान करती है।
👉 इसका उद्देश्य मरुस्थलीय क्षेत्रों में सिंचाई व पेयजल सुविधा उपलब्ध कराना है।
✍️ सही उत्तर है – डा. करणीसिंह लिफ्ट नहर
निम्न में से कौन सा जिला सिद्धमुख परियोजना से सिंचाई जल प्राप्त नहीं करता है ?
[वनपाल परीक्षा 06.11.2022]
👉 सिद्धमुख परियोजना से हनुमानगढ़ और चूरू जिलों को सिंचाई जल प्राप्त होता है।
👉 बीकानेर जिला भी आंशिक रूप से परियोजना लाभ श्रीगंगानगर में आता है।
👉 जबकि श्रीगंगानगर का नाम इस परियोजना के लाभार्थी जिलों में आता।
इंदिरा गाँधी नहर परियोजना में लिफ्ट नहरों की संख्या ……… है
[CET (स्नातक) (चरण -IV) 08.01.2023]
👉 इंदिरा गाँधी नहर परियोजना में कुल 7 लिफ्ट नहरें बनाई गई हैं।
👉 इन नहरों में प्रमुख हैं — कोलायत, फलौदी, लूणकरनसर, पोखरण, बाँगड़सर, गजनेर और नोहर-साहवा लिफ्ट नहर।
👉 इन सभी का अलग-अलग नामकरण किया गया है जैसे – कंवरसेन, वीर तेजाजी, पन्नालाल बारूपाल आदि।
सोम-कमला-अम्बा सिंचाई परियोजना से लाभ कौन-से जिलें – युग्म को प्राप्त होता है ?
[कनिष्ठ अनुदेशक (कोपा) 24.03.2019]
👉 सोम-कमला-अम्बा सिंचाई परियोजना दक्षिणी राजस्थान की महत्वपूर्ण परियोजना है।
👉 इस परियोजना से मुख्य रूप से उदयपुर और डूंगरपुर जिलों को सिंचाई का लाभ मिलता है।
✍️ सही उत्तर है – उदयपुर व डूंगरपुर
निम्न में से किस जिले में इन्दिरा गाँधी नहर का अन्तिम छोर अवस्थित है ?
[JEN (विधुत) (डिग्रीधारक) 29.11.2020]
👉 इंदिरा गांधी नहर परियोजना का अंतिम छोर बाड़मेर जिले में स्थित है।
👉 परियोजना के द्वितीय चरण में नहर का विस्तार कर मोहनगढ़ (जैसलमेर) तक पानी पहुँचाया गया है।
👉 जैसलमेर में सागरमल गोपा व शहीद बीरबल शाखाएँ भी इसी परियोजना के अंतर्गत आती हैं।
✍️ सही उत्तर है – बाड़मेर
गजनेर लिफ्ट नहर का नया नाम क्या है ?
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड - III 19.09.2019]
👉 गजनेर लिफ्ट नहर का नया नाम है – पन्नालाल बारूपाल लिफ्ट नहर।
👉 यह नहर इंदिरा गांधी नहर परियोजना के अंतर्गत आती है और बीकानेर को लाभान्वित करती है।
✍️ सही उत्तर है – पन्नालाल बारूपाल लिफ्ट नहर
इंदिरा लिफ्ट सिंचाई परियोजना राजस्थान के किस जिले में स्थित है ?
[JEN (यांत्रिक) (डिप्लोमाधारक) 13.12.2020]
👉 इंदिरा लिफ्ट सिंचाई परियोजना का निर्माण सवाई माधोपुर जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की महत्त्वपूर्ण लघु एवं मध्यम सिंचाई योजनाओं में से एक है।
👉 इसका उद्देश्य क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का विस्तार करना है।
✍️ सही उत्तर है – सवाई माधोपुर
'कंवरसेन लिफ्ट नहर' द्वारा लाभान्वित जिला युग्म है
[JEN (विधुत) (डिप्लोमाघारक) 29.11.2020]
👉 कंवरसेन लिफ्ट नहर, जिसे लूणकरनसर-बीकानेर जलोत्थान नहर भी कहा जाता है, इंदिरा गांधी नहर परियोजना के अंतर्गत आती है।
👉 इससे बीकानेर जिले को सिंचाई और पेयजल दोनों प्रकार की सुविधाएँ प्राप्त होती हैं।
👉 इसका लाभ केवल बीकानेर, गंगानगर जिले तक है।
✍️ सही उत्तर है – बीकानेर और गंगानगर
राजस्थान में भीम सागर सिंचाई परियोजना कहाँ स्थित है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रोनिक्स) 23.12.2019]
👉 भीम सागर सिंचाई परियोजना का निर्माण झालावाड़ जिले में किया गया है।
👉 यह परियोजना राज्य की महत्त्वपूर्ण मध्यम श्रेणी की सिंचाई योजनाओं में से एक है।
👉 इससे क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का विकास सुनिश्चित किया गया है।
✍️ सही उत्तर है – झालावाड़
राजस्थान में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) का केन्द्र एवं राज्य के बीच वित्त पोषण का अनुपात है -
JEN (विद्युत डिप्लोमाधारक) 19.05.2022
👉 राजस्थान में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) लागू है।
👉 इसमें वित्त पोषण का अनुपात केन्द्र : राज्य = 60 : 40 है।
✍️ सही उत्तर है – 60 : 40
निम्नलिखित में से कौनसा (सिंचाई परियोजना - जिला) सुमेलित नहीं है?
[CET (स्नातक) (चरण -II) 07.01.2023]
👉 मानसी-वाकल परियोजना का संबंध उदयपुर जिले से है, डूंगरपुर नहीं।
👉 जबकि अन्य परियोजनाएँ —
पांचणा – करौली,
ओराई – चित्तौड़गढ़,
गुढ़ा – बूंदी — सही सुमेलित हैं।
अतः गलत सुमेलित युग्म है: मानसी वाकल – डूंगरपुर।
राजस्थान में सिंचाई का मुख्य स्रोत क्या है ?
[वनपाल परीक्षा 06.11.2022]
👉 राजस्थान में सिंचाई का मुख्य स्रोत 'कुएँ और नलकूप' हैं।
👉 राज्य की लगभग 60% सिंचित भूमि इन्हीं स्रोतों से सिंचित होती है।
👉 गहराई से जल प्राप्त करने के लिए नलकूपों का प्रयोग अधिक किया जाता है।
कौन सा कथन सही नहीं है?
[वरिष्ठ कम्प्यूटर अनुदेशक 19.06.2022]
👉 पहला, दूसरा और तीसरा कथन पूरी तरह सही हैं।
👉 चौथा कथन गलत है — इंदिरा गांधी नहर परियोजना पोंग बांध से नहीं, बल्कि हरीके बैराज से प्रारंभ होती है, जो सतलज और ब्यास नदी के संगम पर स्थित है।
निम्नलिखित में से किसे 'मरु गंगा' कहा जाता है ?
[कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक (रसायन) 14.09.2019]
👉 इंदिरा गांधी नहर परियोजना को ही 'मरु गंगा' कहा जाता है।
👉 यह राजस्थान के शुष्क मरुस्थलीय क्षेत्रों को सिंचित करने वाली सबसे बड़ी परियोजना है।
👉 इसने कई क्षेत्रों को कृषि योग्य भूमि में बदल दिया और जनजीवन को नया आधार प्रदान किया।
✍️ सही उत्तर है – इंदिरा गाँधी नहर परियोजना
इंदिरा गाँधी फीडर (राजस्थान फीडर) की लम्बाई____________है ?
[प्रयोगशाला सहायक (विज्ञान) 29.06.2022]
👉 इंदिरा गांधी फीडर (राजस्थान फीडर) की कुल लम्बाई 204 किमी है।
👉 इसमें से 169 किमी भाग पंजाब और हरियाणा में तथा 35 किमी भाग राजस्थान में स्थित है।
👉 इसका निर्माण जल आपूर्ति हेतु किया गया था।
✍️ सही उत्तर है – 204 किमी
माही परियोजना से लाभान्वित होने वाला जिला है
[प्रयोगशाला सहायक (भूगोल) 30.06.2022]
👉 माही परियोजना का निर्माण माही नदी पर किया गया है, और इसका प्रमुख उद्देश्य सिंचाई और विद्युत उत्पादन है।
👉 यह परियोजना बाँसवाड़ा और डूंगरपुर जिलों को लाभान्वित करती है।
👉 यहाँ से निकली नहरों से 80,000 हेक्टेयर से अधिक भूमि में सिंचाई की जाती है।
✍️ सही उत्तर है – बाँसवाड़ा
निम्नलिखित में से कौन सा (सिंचाई परियोजना - जिला) सुमेलित नहीं है?
[CET (स्नातक) (चरण -I) 07.01.2023]
👉 परवन लिफ्ट सिंचाई योजना का संबंध कोटा जिले से है, न कि जयपुर से।
👉 बाकी सभी सुमेलित युग्म —
सावन-भादो – कोटा,
सोम कागदर – उदयपुर,
सोम-कमला-अम्बा – डूंगरपुर — सही हैं।
अतः गलत सुमेलित युग्म है: परवन लिफ्ट – जयपुर
निम्नलिखित में से कौनसा (लिफ्ट नहर परियोजना - पेयजल उपलब्धता क्षेत्र) सुमेलित नहीं है?
JEN (विद्युत डिग्रीधारक) 19.05.2022
👉 कंवरसेन लिफ्ट नहर – बीकानेर को पेयजल उपलब्ध कराती है।
👉 गंधेली साहवा लिफ्ट नहर – चुरू जिले में पेयजल आपूर्ति हेतु है।
👉 गजनेर / पन्नालाल बारूपाल लिफ्ट नहर – बीकानेर व नागौर क्षेत्रों में पेयजल देती है।
👉 राजीव गांधी लिफ्ट नहर परियोजना मुख्य रूप से राजस्थान के जोधपुर ज़िले में स्थित है।
✍️ सही उत्तर है – राजीव गाँधी – जैसलमेर
राजस्थान में मध्यश्रेणी की गरारडा सिंचाई परियोजना किस जिले में प्रस्तावित है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (रेफ्रीजरेशन) 24.12.2019]
👉 गराड़दा सिंचाई परियोजना एक प्रस्तावित मध्य श्रेणी की योजना है।
👉 इसका निर्माण बूंदी जिले में प्रस्तावित है।
👉 यह परियोजना क्षेत्रीय सिंचाई क्षमता को सुदृढ़ करने हेतु तैयार की गई है।
✍️ सही उत्तर है – बूँदी
निम्नलिखित में से कौन सा (लिफ्ट नहर - लाभान्वित जिले) सुमेलित नहीं है?
[संगणक परीक्षा 19.12. 2021]
👉 डॉ. करणी सिंह लिफ्ट नहर – बीकानेर और जोधपुर में जल आपूर्ति करती है।
👉 गुरु जम्भेश्वर लिफ्ट नहर (फलौदी क्षेत्र) – बीकानेर, जोधपुर, जैसलमेर तक लाभ देती है।
👉 पोकरण लिफ्ट नहर – जैसलमेर और जोधपुर जिलों में स्थित है।
👉 जबकि वीर तेजाजी लिफ्ट नहर का संबंध बाँगड़सर क्षेत्र से है, जो बीकानेर को लाभान्वित करती है, नागौर और जोधपुर नहीं।
✍️ सही उत्तर है – वीर तेजाजी – नागौर और जोधपुर
राजस्थान की परवन सिंचाई योजना से निम्न में से किस जिले को लाभ होगा ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (इलेक्ट्रोनिक्स) 23.12.2019]
👉 परवन वृहद सिंचाई एवं पेयजल योजना से कोटा सहित झालावाड़ और बारां जिलों को लाभ मिलेगा।
👉 इससे लगभग 131400 हेक्टेयर भूमि में सिंचाई की सुविधा और 820 ग्रामों को पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।
✍️ सही उत्तर है – कोटा
राजस्थान के किस पड़ोसी राज्य का चम्बल परियोजना में हिस्सा है ?
[स्टेनोग्राफर परीक्षा 21.03.2021]
👉 चम्बल परियोजना एक संयुक्त बहुउद्देशीय परियोजना है, जिसमें राजस्थान और मध्य प्रदेश दोनों की भागीदारी है।
👉 इसमें सिंचाई, विद्युत उत्पादन, बाढ़ नियंत्रण आदि प्रमुख उद्देश्य हैं।
👉 इस परियोजना में राजस्थान की 50% भागीदारी है।
✍️ सही उत्तर है – मध्य प्रदेश
राजस्थान के किस जिले में बहुउद्देशीय सिंचाई परियोजना 'परवन' निर्माणाधीन है ?
[CET (10+2 चतुर्थ चरण) 05.02.2023]
👉 परवन वृहद सिंचाई एवं पेयजल योजना का निर्माण झालावाड़ जिले में किया जा रहा है।
👉 इस परियोजना से झालावाड़, कोटा और बारां जिलों की 131400 हैक्टेयर भूमि पर सिंचाई और 820 ग्रामों को पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।
👉 इसका शिलान्यास 17 सितम्बर 2013 को किया गया था।
निम्नांकित में से राजस्थान की कौनसी सिंचाई परियोजना सबसे पुरानी है ?
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड - III 19.09.2019]
👉 गंग नहर परियोजना राजस्थान की सबसे पुरानी सिंचाई परियोजना है।
👉 इसका निर्माण कार्य सन् 1927 में बीकानेर के महाराजा गंगासिंह द्वारा कराया गया था।
👉 यह परियोजना राजस्थान में मरुस्थलीय क्षेत्र को सिंचित करने वाली पहली वृहद योजना थी।
✍️ सही उत्तर है – गंग नहर परियोजना
भाखड़ा नहर परियोजना के बारे में कौनसा कथन सत्य है?
(A)यह पंजाब-हरियाणा और राजस्थान की संयुक्त परियोजना है।
(B) इससे हनुमानगढ़ जिले को सिचाई सुविधा प्राप्त होती हैं।
(C) राजस्थान का हिस्सा 17.22% है।
(D) यह 2.3 लाख हैक्टेयर कृषिगत भूमि को सिंचित करती है।
[बेसिक कम्प्यूटर अनुदेशक 18.06.2022]
सही कूट है -
👉 (A) सही है — भाखड़ा नहर परियोजना पंजाब, हरियाणा और राजस्थान की संयुक्त परियोजना है।
👉 (B) सही है — इससे हनुमानगढ़ जिले को सिंचाई जल प्राप्त होता है।
👉 (C) गलत है — राजस्थान की हिस्सेदारी 15.2% है, न कि 17.22%।
👉 (D) सही है — परियोजना से 2.3 लाख हैक्टेयर भूमि सिंचित होती है।
लूणकरनसर लिफ्ट नहर ___ लिफ्ट नहर के नाम से भी जानी जाती है ?
[कनिप्ठ अनुदेशक (वायरमैन) 24.12.2019]
👉 लूणकरनसर लिफ्ट नहर को कंवर सेन लिफ्ट नहर के नाम से भी जाना जाता है।
👉 यह इंदिरा गांधी नहर परियोजना की पहली लिफ्ट नहर है।
👉 इससे बीकानेर जिले को सिंचाई और पेयजल दोनों की सुविधा प्राप्त होती है।
✍️ सही उत्तर है – कंवर सेन
'नर्मदा योजना' से राजस्थान का सर्वाधिक लाभांवित जिला है-
[पुस्तकालयाध्यक्ष ग्रेड - III 19.09.2019]
👉 नर्मदा योजना से राजस्थान में सर्वाधिक लाभ बाड़मेर जिले को प्राप्त होता है।
👉 यह नहर सरदार सरोवर बाँध से निकलकर सीलू गाँव (जालौर) से प्रवेश करती है और जालौर व बाड़मेर में सिंचाई सुविधा प्रदान करती है।
👉 इससे लगभग 2.46 लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित होती है।
✍️ सही उत्तर है – बाड़मेर
भारत में, कौन सी प्रथम सिंचाई परियोजना है जिसमें छिड़काव सिंचाई फव्वारा सिंचाई को अनिवार्य कर दिया गया है?
[CET (स्नातक) (चरण -IV) 08.01.2023]
👉 नर्मदा नहर परियोजना भारत की प्रथम सिंचाई परियोजना है, जिसमें छिड़काव (फव्वारा) सिंचाई को अनिवार्य किया गया है।
👉 यह नहर सरदार सरोवर बाँध से निकाली गई है और जालौर व बाड़मेर जिलों में सिंचाई करती है।
👉 इसकी कुल लम्बाई 74 किमी राजस्थान में है और 2.46 लाख हैक्टेयर भूमि सिंचित होती है।
निम्नलिखित को सुमेलित कीजिए :
परियोजना नहर
(i) भाखड़ा नांगल - (a) व्यास - सतलुज लिंक
(ii) चम्बल - (b) जय नारायण व्यास
(iii) ब्यास - (c) बिस्ट - दोआब
(iv) इन्दिरा गांधी - (d) दीगोद
[JEN (यांत्रिक) (डिप्लोमाधारक) 13.12.2020]
कूट -
👉 (i) भाखड़ा नांगल – बिस्ट-दोआब नहर से संबंधित है।
👉 (ii) चम्बल परियोजना – दीगोद नहर से जुड़ी है।
👉 (iii) ब्यास परियोजना – व्यास-सतलुज लिंक नहर से संबंधित है।
👉 (iv) इंदिरा गांधी परियोजना – जय नारायण व्यास लिफ्ट नहर से जुड़ी है।